महाराष्ट्र के मंत्री धनंजय मुंडे का इस्तीफा, सरपंच मर्डर केस में करीबी पर लगे थे आरोप

मुंबई

महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और अजित पवार की नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी (NCP) नेता धनंजय मुंडे ने पद से इस्तीफा दे दिया है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसकी जानकारी दी.

धनंजय मुंडे के PA प्रशांत जोशी ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सरकारी आवास पहुंचकर उन्हें मुंडे का इस्तीफा सौंपा था. फडणवीस ने कहा कि मुंडे ने मुझे अपना इस्तीफा भेजा है. मैंने इसे स्वीकार कर लिया है और इसे राज्यपाल को भेज दिया है.

दरअसल सरपंच संतोष देशमुख हत्याकांड में महाराष्ट्र की महायुति सरकार में मंत्री रहे धनंजय मुंडे विवादों में घिर गए थे. एसआईटी ने अपनी चार्जशीट में मुंडे के करीबी सहयोगी वाल्मीक कराड को बीड जिले में जबरन वसूली का विरोध करने वाले सरपंच संतोष देशमुख की हत्या के मास्टरमाइंड के रूप में नामजद किया था.

ये भी पढ़ें :  संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण की कार्यवाही के दौरान सांसदों ने अलग-अलग मुद्दों को उठाया

इससे पहले देवेंद्र फडणवीस ने अजित पवार और प्रफुल्ल पटेल को पत्र लिखकर कहा था कि धनजंय मुंडे को मंत्री पद से इस्तीफा देना होगा. धनजंय मुंडे के करीबी सहयोगी वाल्मीक कराड और उसके 6 गुर्गों को इस साल जनवरी में महाराष्ट्र पुलिस ने मकोका (महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गेनाइज्ड क्राइम एक्ट, 1999) के तहत गिरफ्तार किया था.

ये भी पढ़ें :  यूपी: सपा की नजर प्रदेश के दलित वोटों पर, 15 मार्च को कांशीराम जयंती मनाएगी पार्टी

वाल्मीक कराड सरपंच हत्याकांड का मास्टरमाइंड

एसआईटी द्वारा अदालत में दाखिल चार्जशीट के मुताबिक, वाल्मीक कराड बीड सरपंच संतोष देशमुख की हत्या का मास्टरमाइंड था. कराड ने बीड में मौजूद एक रिन्यूएबल एनर्जी कंपनी Avaada के भूमि अधिग्रहण अधिकारी से दो करोड़ की फिरौती मांगी थी. जब बीड के सरपंच संतोष देशमुख ने कराड और उसके सहयोगियों को कंपनी से जबरन वसूली करने से रोकने की कोशिश की, तो उन्होंने उनकी हत्या की साजिश रची. एसआईटी ने अदालत के समक्ष सबूत के तौर पर आरोपियों से बरामद फोन कॉल की रिकॉर्डिंग और फॉरेंसिक लैब द्वारा प्रमाणित सीसीटीवी फुटेज पेश किए थे.

ये भी पढ़ें :  भाजपा को जल्द ही नया अध्यक्ष मिलने जा रहा है, संगठन को फरवरी तक चयन प्रक्रिया पूरी होने की उम्मीद है

चार्जशीट में वाल्मीक कराड के बाद सुदर्शन घुले को आरोपी नंबर दो बताया है. वह दस साल से अधिक समय तक बीड और पड़ोसी इलाकों में संगठित अपराध का हिस्सा था. उसके खिलाफ पहले से ही 11 आपराधिक मामले चल रहे हैं. आरोप पत्र में उसे 'गैंग लीडर' बताया गया है.

 

Share

Leave a Comment