कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब जी की ऐतिहासिक पदयात्रा: रत्नावली कौशल

राष्ट्रव्यापी एकता की पुकार है

बोल रहा अब हिंदुस्तान मनखे मनखे एक समान के नारे की गूंज चारों ओर व्याप्त

छत्तीसगढ़

भाजपा महिला मोर्चा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य एवं अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण छत्तीसगढ़ शासन पूर्व सदस्य रत्नावली कौशल ने कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब जी की गरिमामयी पदयात्रा को ऐतिहासिक करार देते हुए कहा कि "यह पदयात्रा छत्तीसगढ़ के सामाजिक-राजनीतिक परिदृश्य में एक नया स्वर्णिम अध्याय जोड़ रही है।"यह पदयात्रा हजारों समर्थकों, कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों की उत्साहपूर्ण भागीदारी के साथ आगे बढ़ रही है।

सतनामी समाज, किसान संगठनों, युवा ब्रिगेड और महिला मोर्चा के कार्यकर्ताओं की अभूतपूर्व उपस्थिति ने इसे एक विशाल जन-आंदोलन का रूप दे दिया है। नारे "बोल रहा अब हिंदुस्तान मनखे मनखे एक समान" की गूंज चारों ओर व्याप्त है, जो समानता और एकता का संदेश दे रही है।पदयात्रा के दौरान गुरु खुशवंत साहेब जी ने अपने ओजस्वी भाषणों से उपस्थित जनसमूह को गहराई से प्रेरित किया। उन्होंने राज्य के विकास, जनकल्याण योजनाओं, किसानों की आर्थिक समृद्धि, युवाओं के रोजगार-सशक्तिकरण, महिलाओं के सम्मानजनक उत्थान तथा ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास पर बल दिया। साहेब जी की नेतृत्व क्षमता, सहज जनसंपर्क और दूरदर्शी सोच ने हर व्यक्ति को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, "यह पदयात्रा केवल एक यात्रा नहीं, अपितु छत्तीसगढ़ की प्रगति का अटल संकल्प है। हम सबके सामूहिक प्रयासों से राज्य को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाएंगे।" उनके इन वचनों ने कार्यकर्ताओं के मनों में नई ऊर्जा का संचार किया तथा संगठन की एकजुटता को और सशक्त बनाया।

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    रत्नावली कौशल ने व्यक्त किया कि इस पदयात्रा में सक्रिय भागीदारी के माध्यम से उन्होंने संगठन की अपार शक्ति, अनुशासनबद्ध एकता और जनाधार का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त किया। विभिन्न जातियों, वर्गों, क्षेत्रों और समुदायों से एकत्रित कार्यकर्ताओं में व्याप्त उत्साह, समर्पण और सामूहिक जज्बा भविष्य के सभी राजनीतिक-सामाजिक कार्यक्रमों के लिए प्रेरणास्रोत सिद्ध होगा। यह आयोजन न केवल राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि सामाजिक सद्भाव, जातिगत एकता और विकासोन्मुखी प्रतिबद्धता का जीवंत प्रतीक भी बन चुका है।

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पदयात्रा के जरिए उठाए जा रहे प्रमुख मुद्दे—भूमि सुधार एवं पट्टे वितरण, स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार, शिक्षा में गुणवत्ता सुधार, ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर विकास तथा आयुष्मान भारत जैसी कल्याणकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन—सीधे जनमानस तक पहुंच रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में विश्वास और उत्साह बढ़ा है।"बोल रहा अब हिंदुस्तान मनखे मनखे के एक समान"—यह नारा पदयात्रा का मूल मंत्र बन गया है, जो राष्ट्रव्यापी एकता की पुकार है। गुरु खुशवंत साहेब जी के नेतृत्व में यह पदयात्रा छत्तीसगढ़ को मजबूत, समृद्ध और समावेशी राज्य बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।

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