ट्रॉफी मंदिर ले जाने पर सियासी घमासान, TMC सांसद बोले—टीम इंडिया पर शर्म आती है; कांग्रेस ने भी जताई नाराजगी

नई दिल्ली

भारत की टी20 विश्व कप जीत पर जश्न के बाद अब विवाद शुरू हो गया है। कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने कहा है कि ट्रॉफी को मंदिर ले जाना हमारी परंपरा नहीं है। इससे पहले तृणमूल कांग्रेस सांसद कीर्ति आजाद ने भी ट्रॉफी को मंदिर ले जाने पर नाराजगी जाहिर की थी और कहा था कि भारतीय टीम पर शर्म आती है। रविवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने न्यूजीलैंड को बड़े अंतर से हराया था।

कांग्रेस सांसद अनवर ने कहा, 'कीर्ति आजाद का कहना बिल्कुल सही है। मैं उनकी बातों से पूर्ण रूप से सहमत हूं। यह हमारे यहां परंपरा नहीं रही कि हम ट्रॉफी को लेकर मंदिर और मस्जिद और कहीं दूसरी जगह जाएं। तो यह एक गलत परंपरा की शुरुआत है।'

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कीर्ति आजाद का बयान
टीएमसी सांसद आजाद ने लिखा था, 'टीम इंडिया पर शर्म आती है! जब हमने 1983 में कपिल देव की कप्तानी में विश्व कप जीता था, तब हमारी टीम में हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई सभी धर्मों के खिलाड़ी शामिल थे। हम उस ट्रॉफी को अपनी जन्मभूमि, अपनी मातृभूमि, अपने भारत और हिंदुस्तान लेकर आए थे। फिर अब भारतीय क्रिकेट ट्रॉफी को किसी एक खास जगह पर ही क्यों घुमाया जा रहा है? इसे मस्जिद क्यों नहीं ले जाया गया? चर्च क्यों नहीं ले जाया गया?

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गुरुद्वारे क्यों नहीं ले जाया गया?'
उन्होंने लिखा, 'यह टीम पूरे भारत का प्रतिनिधित्व करती है, यह सूर्य कुमार यादव या जय शाह के परिवार की निजी टीम नहीं है! सिराज इसे कभी किसी मस्जिद नहीं ले गए। संजू (सैमसन) इसे कभी किसी चर्च नहीं ले गए, जबकि संजू की अहम भूमिका थी और वह 'मैन ऑफ द टूर्नामेंट' रहे थे। यह ट्रॉफी हर धर्म के 140 करोड़ भारतीयों की है, यह किसी एक धर्म की जीत का जश्न नहीं है!'

भारत की जीत
भारत ने रविवार को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए फाइनल में न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर यह ट्रॉफी अपने नाम की थी। वह टी20 विश्व कप में खिताब का सफल बचाव करने वाली पहली टीम है। सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में भारतीय टीम ने तीसरी बार यह टूर्नामेंट जीता। यह कारनामा करने वाली वह पहली टीम बन गई है। इससे पहले टीम ने महेंद्र सिंह धोनी की अगुवाई में 2007 में और रोहित शर्मा की कप्तानी में 2024 में जीत दर्ज की थी।

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अब BCCI यानी भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने भारतीय टीम के लिए 131 करोड रुपए के पुरस्कार की घोषणा की। यह राशि 2024 में रोहित शर्मा की अगुवाई वाली चैंपियन टीम को दिए गए 125 करोड़ रुपये से छह करोड़ रुपये अधिक है।

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