एनडीए सांसदों का विपक्ष पर हमला: ‘नारी शक्ति के अपमान को ऐतिहासिक जीत बता रही है कांग्रेस’

नई दिल्ली
महिला आरक्षण संशोधन बिल को लेकर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें देश की महिलाओं के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने इसे 'देश के लिए काला दिवस' बताते हुए कहा कि इतना महत्वपूर्ण विधेयक बहाने बनाकर गिरा दिया गया। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा, "इतना ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण बिल, महिलाओं को संसद में जगह देना, इसमें क्या आपत्ति हो सकती है? बहाना बनाकर इस महत्वपूर्ण बिल को गिराया गया। मैं मानता हूं कि यह देश के लिए एक काला दिवस रहा है।"

केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह (ललन सिंह) ने कहा, "कांग्रेस जो कह रही कि ये जो बिल गिरा वो ऐतिहासिक कदम है, उनकी नजर में ऐतिहासिक इसलिए है, क्योंकि इस देश की नारी शक्ति और पीएम के नारी सशक्तिकरण के प्रयास को उन्होंने गिरा दिया, इसलिए उनके लिए ये ऐतिहासिक हो सकता है। आधी आबादी को 33 प्रतिशत आरक्षण देकर उनके साथ न्याय करने वाला ये कदम था, लेकिन विपक्ष को इसे गिराकर खुशी हो रही है तो यही कांग्रेस का चरित्र है।"

ये भी पढ़ें :  फिर से किसाने बने डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे, लगाए एवोकाडो के कई पौधे

भाजपा सांसद दामोदर अग्रवाल ने कहा, "131वां संविधान संशोधन विधेयक 2029 में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करने के उद्देश्य से पेश किया गया था। इसमें 2023 के 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' (महिला आरक्षण अधिनियम) में जरूरी और सुधारों के प्रावधान भी शामिल थे।" भाजपा सांसद संजय जयसवाल ने कहा, "हम सड़कों पर उतरेंगे और महिलाओं को समझाएंगे कि किस तरह से विरोधी दलों ने उनके अधिकार को लोकसभा में रोका है। हमें पूरा विश्वास है कि देश की महिलाएं विपक्ष के सांसदों को इतना मजबूर कर देंगी कि अगले 3 महीने में यह बिल निश्चित तौर पर पास कराना उनकी मजबूरी हो जाएगी।"

ये भी पढ़ें :  धनखड़ के इस्तीफे से BJP की रणनीति पर असर, राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव में लग सकती है देरी

भाजपा नेता शशांक मणि ने कहा, "कांग्रेस को मालूम होना चाहिए कि पूरे देश की 50 प्रतिशत आबादी इनसे आक्रोश में है। कांग्रेस जिसे विजय घोषित कर रही है, उन्हीं की हार होगी। कल देश की हार हुई, कांग्रेस की जीत नहीं हुई है, बल्कि उनकी भी हार हुई है। मैं नहीं समझ पा रहा हूं कि इसके पीछे इनका क्या ज्ञान है? हम लोग माताओं-बहनों के लिए लगे रहेंगे और अगली बार हम इस बिल को लाएंगे और पारित करेंगे।" भाजपा सांसद दिनेश शर्मा ने कहा, "लोकतंत्र में महिलाओं को अधिकार देने के विचार की हत्या करने वाला यह विपक्ष अगर इसको महिलाओं का अपमान करके अपनी जीत मान रहा है तो निश्चित रूप से वो एक बड़ी पराजय के लिए अपने आप को तैयार कर रहे हैं।"

ये भी पढ़ें :  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बालोद जिले को दी 173 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगातें

भाजपा सांसद मनन कुमार मिश्रा ने कहा, "कल जो विपक्ष के नेताओं ने किया, यह देश का दुर्भाग्य है और देश के लिए काफी दुखद है। कल उन्होंने अपनी मंशा को जाहिर कर दिया। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश की महिलाओं को उचित भागीदारी देने के लिए बहुत बढ़िया कदम लिया गया था, उसको विपक्ष ने विफल किया है। वो नहीं चाहते हैं कि देश की महिलाएं सशक्त हों। आने वाले समय में महिलाएं उन्हें अच्छे से सबक सिखाएंगी।" भाजपा सांसद रवि किशन ने कहा, "विपक्ष ने महिलाओं के भविष्य को हराया है। ये महिला विरोधी हैं। ये महिलाओं को कमजोर बना रहे हैं। इससे दुखद कुछ नहीं हो सकता।"

Share

Leave a Comment