यूपी विधानसभा घेराव को लेकर उपमुख्यमंत्री केशव की चुटकी, कहा- कांग्रेस और सपा बंटे नजर आ रहे हैं

लखनऊ
यूपी कांग्रेस के विधानसभा घेराव को लेकर उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने चुटकी ली है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और सपा में फूट हो चुकी है। संभल मामले में भी दो धाराओं में सपा और कांग्रेस बंटे नजर आ रहे हैं। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने बुधवार को विधानसभा सत्र में भाग लेने से पहले पत्रकारों से कहा कि सपा कह रही है कि लोकसभा चुनाव में जीत उनके कारण मिली है। वहीं कांग्रेस का कहना वह उनके कारण जीते हैं। दोनों अपने अपने महत्व को दर्शाना चाहते हैं। लेकिन कांग्रेस मुक्त उत्तर प्रदेश और समाजवादी पार्टी का समाप्तवादी होना तय हैं। इसलिए 2027 में 2017 की तरह ही भाजपा की प्रचंड बहुमत की सरकार बनेगी। यह प्रदर्शन खोखला है। न इनके पास कोई नेता है न ही नीति है।

ये भी पढ़ें :  श्रीगोरक्षपीठ के प्रति थी गहरी श्रद्धा, महंत अवेद्यनाथ से था आत्मीय नाता

सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया और मांग की है संभल घटना के दौरान जो उनके ऊपर एफआईआर है, उसे हटाया जाए क्योंकि वह घटना के दौरान मौजूद नहीं थे इस पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि न्यायालय का दरवाजा कोई भी खटखटा सकता है। इस पर कोई टिप्पणी नहीं है। लेकिन तथ्य इस प्रकार मिले हैं कि सपा सांसद और विधायक और सपा के दंगाई कार्यकर्ता संभल मामले में दोषी हैं तो जांच के अनुसार उन पर कठोर कार्रवाई होगी।

ये भी पढ़ें :  मालदीव के राष्ट्रपति पत्नी संग ताजमहल देखने के लिए पहुंचे आगरा, कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने किया स्वागत

उधर, कांग्रेस के प्रदर्शन को लेकर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में हमें अपनी बात रखने और प्रदर्शन करने का अधिकार है। प्रदर्शन में सपा के साथ होने की बात पर उन्होंने कहा इस बारे में हमसे मत पूछें।

ज्ञात हो कि कांग्रेस पार्टी के विधानसभा घेराव के ऐलान के बाद कांग्रेसी नेताओं का लखनऊ पहुंचना शुरू हो गया है। इस दौरान उन्हें रोकने के लिए जिलों में कांग्रेस नेताओं को हाउस अरेस्ट किया जा रहा है और जगह-जगह बैरिकेडिंग कर दी गई है। वहीं, लखनऊ में कांग्रेस कार्यालय के बाहर आरएएफ (रैपिड एक्शन फोर्स) के जवानों की तैनाती कर दी गई है।

ये भी पढ़ें :  सामाजिक सामंजस्य और संसाधन प्रबंधन के लिए अवैध विदेशी नागरिकों की पहचान जरूरी

 

Share

Leave a Comment