पहलगाम हमला सिर्फ आतंकी नहीं, इकनॉमिक वारफेयर भी! एस. जयशंकर का बड़ा खुलासा

नई दिल्ली
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने पहलगाम आतंकवादी हमले को इकनॉमिक वारफेयर बताया है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने यह हमला इसलिए कराया ताकि कश्मीर में पर्यटन उद्योग को नुकसान पहुंचाया जा सके, जिसके चलते वहां आर्थिक समृद्धि आ रही थी और हालात तेजी से सामान्य हो रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने कहा कि हम किसी भी देश की न्यूक्लियर ब्लैकमेलिंग को स्वीकार नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि कश्मीर में आर्थिक संपन्ना का एक ही माध्यम लेगों के पास है और वह है पर्यटन। ऐसे में पाकिस्तानी आतंकियों ने उसे ही टारगेट किया। इसके अलावा धर्म पूछकर लोगों को इसलिए मार डाला गया ताकि सांप्रदायिक सौहार्द देश का बिगड़ जाए।

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इकनॉमिक वारफेयर युद्ध की ऐसी पद्धति है, जिसमें प्रतिद्वंद्वी देश की अर्थव्यवस्था को टारगेट करने की कोशिश होती है। आर्थिक युद्ध का अर्थ है- किसी देश या समूह को आर्थिक रूप से कमजोर करने, अस्थिर करने या दंडित करने के लिए आर्थिक साधनों का प्रयोग करना। यह एक गैर-सैन्य रणनीति है, जिसमें दुश्मन पर बंदूक या बम से हमला नहीं किया जाता, बल्कि उसकी आर्थिक प्रणाली को निशाना बनाकर कमजोर किया जाता है। ऐसी रणनीति अकसर अमेरिका अपनाता रहा है, जैसे रूस, ईरान, क्यूब, वेनेजुएला जैसे देशों पर आर्थिक प्रतिबंध लगाना। इसके अलावा ऐसे हमलों को भी इस श्रेणी में शामिल किया जाता है, जिससे आर्थिक गतिविधियां प्रभावित हों और लोगों में डर का संचार हो।

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क्या हैं इकनॉमिक वारफेयर के पैंतरे
किसी देश के व्यापार, निवेश या वित्तीय लेन-देन पर रोक लगाना इसका सबसे प्रमुख तरीका है। जैसे रूस पर अमेरिका और यूरोप द्वारा लगाए गए प्रतिबंध। इसके अलावा किसी देश से आयात-निर्यात पर पूर्ण या आंशिक रोक। यही नहीं अपनी मुद्रा को जानबूझकर सस्ता करके दूसरे देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाना भी इसमें शामिल है। किसी देश या उसके नेताओं की विदेशी संपत्तियों को फ्रीज करना भी इस रणनीति में शामिल है। कई बार बैंक, शेयर बाजार और फाइनेंशियल नेटवर्क पर हमला करने की कोशिश भी इसमें शामिल है।

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इसके अलावा सप्लाई चेन तोड़ने की कोशिश भी इसमें शामिल है, जैसे- तेल, गैस या अन्य महत्वपूर्ण संसाधनों की आपूर्ति को बाधित करना। एक और चीज इसमें अहम है, जैसे आर्थिक प्रोपेगेंडा। यानी किसी देश की अर्थव्यवस्था को कमजोर बताना या फिर शेयर बाजार को लेकर अफवाह फैलाना ताकि निवेशकों में डर का संचार हो। लगभग ऐसी ही रणनीति पाकिस्तान ने भी पहलगाम में अपनाई, जो एक टूरिस्ट हॉटस्पॉट है। ऐसे में पहलगाम में ही हमला करके पर्यटकों में डर का संचार करने की कोशिश की गई।

 

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