बेंगलुरु एयरपोर्ट पर ₹315 की इडली, दाम देखकर भड़के लोग

बेंगलुरु   

बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से सामने आए एक बिल ने एयरपोर्ट पर खाने की कीमतों को लेकर नई बहस छेड़ दी है. टर्मिनल-1 पर स्थित रामेश्वरम कैफे में एक यात्री ने घी पोड़ी इडली की एक प्लेट के लिए ₹315 चुकाए. बिल की रसीद सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या एयरपोर्ट पर खाने-पीने की कीमतों पर कोई नियंत्रण होता है.

कैसे शुरू हुआ पूरा विवाद?

यह पूरा मामला तब चर्चा में आया जब एक यात्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट पर अपने खाने का बिल शेयर किया. यात्री ने बताया कि वह बेंगलुरु एयरपोर्ट पर स्थित रामेश्वरम कैफे गया था. वहां उसने एक प्लेट घी पोड़ी इडली ऑर्डर की, जिसका बिल 315 रुपये आया. यात्री ने इस बिल की रसीद पोस्ट करते हुए लिखा कि शहर के अंदर इसी कैफे के दूसरे आउटलेट्स पर इसी इडली की कीमत लगभग 90 रुपये होती है.

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यानी एयरपोर्ट के अंदर उससे करीब चार गुना ज्यादा दाम वसूले गए. यात्री ने हैरानी जताते हुए पूछा कि क्या एयरपोर्ट अथॉरिटी इन कीमतों पर कोई लगाम लगाती है या रेस्टोरेंट अपनी मर्जी से दाम तय करने के लिए पूरी तरह स्वतंत्र हैं.

वायरल हो रही इस रसीद ने यात्रियों के बीच कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या एयरपोर्ट जैसे सार्वजनिक स्थानों पर खाने-पीने की चीजों की कीमतों की कोई ऊपरी सीमा होनी चाहिए? यात्री का कहना था कि चार गुना कीमत वसूलना किसी भी तर्क से सही नहीं लगता. लोग अक्सर यह सवाल पूछते हैं कि जब वही ब्रांड शहर में कम कीमत पर सामान बेचता है, तो एयरपोर्ट की बाउंड्री के अंदर घुसते ही ऐसा क्या बदल जाता है कि कीमतें आसमान छूने लगती हैं?

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सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस पोस्ट के आते ही लोगों ने अपनी-अपनी प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दीं. इंटरनेट की जनता इस मुद्दे पर दो गुटों में बंट गई है. एक पक्ष उन लोगों का है जो इस बढ़ी हुई कीमत को सरासर गलत मान रहे हैं. उनका तर्क है कि भोजन एक बुनियादी जरूरत है और एयरपोर्ट जैसी जगह पर इसका इतना महंगा होना उन यात्रियों के लिए मुश्किल पैदा करता है जो बजट में सफर करते हैं. एक यूजर ने लिखा कि अगर लागत बढ़ती भी है, तो वह 10 से 20 प्रतिशत तक बढ़नी चाहिए, न कि सीधे चार गुना.

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वहीं, दूसरा पक्ष उन लोगों का है जो बिजनेस के नजरिए से इसे सही ठहरा रहे हैं. उनका कहना है कि हवाई अड्डे के अंदर दुकान चलाने का हिसाब बिल्कुल अलग होता है. एक यूजर ने कमेंट किया, "एयरपोर्ट पर दुकान का किराया शहर के मुकाबले कई गुना ज्यादा होता है. इसके अलावा दुकान को 24 घंटे खुला रखना पड़ता है, सुरक्षा के कड़े नियमों का पालन करना होता है और सामान को टर्मिनल के अंदर लाने का लॉजिस्टिक्स खर्च भी बहुत अधिक होता है. इन सब खर्चों को निकालने के बाद ही दुकानदार अपना मुनाफा देख पाता है."

रामेश्वरम कैफे बेंगलुरु का एक बहुत ही लोकप्रिय नाम है. इसकी आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, इनके आउटलेट्स पर एक समय के भोजन की औसत कीमत लगभग 200 रुपये के आसपास रहती है. 

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