जिला एवं तहसील स्तर पर भी कामर्शियल सिलेंडर की उपलब्धता सुनिश्चित करें

जिला एवं तहसील स्तर पर भी कामर्शियल सिलेंडर की उपलब्धता सुनिश्चित करें

मंत्रिमण्डल समिति ने की पेट्रोल, डीजल, एलपीजी एवं सीएनजी की आपूर्ति की समीक्षा

भोपाल

अंतर्राष्ट्रीय घटनाक्रम एवं मध्यपूर्व देशों की स्थिति के दृष्टिगत प्रदेश पर पड़ने वाले प्रभाव की समीक्षा के लिये गठित मंत्रिमण्डल समिति की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में हुई। बैठक में समिति के सदस्यों ने जिला एवं तहसील स्तर पर कामर्शियल एलपीजी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रदेश में पेट्रोल, डीजल, एलपीजी, सीएनजी और पीएनजी की आपूर्ति की समीक्षा की। बैठक में समिति के सदस्यों ने कहा कि किसी भी स्तर की अनियमित्ता एवं कालाबाजारी पाए जाने पर तत्काल कार्यवाही करें। शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में एलपीजी की उपलब्धता पर विशेष ध्यान दें। प्रदेश में पेट्रोलियम पदार्थ पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। क्रूड ऑयल की पर्याप्त उपलब्धता के कारण प्रट्रोलियम पदार्थों की लगातार आपूर्ति हो रही हैं।

बैठक में उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, खाद्य, नागरिक आपूति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य काश्यप, अपर मुख्य सचिव खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण श्रीमती रश्मि अरूण शमी, आयुक्त खाद्य कर्मवीर शर्मा और ऑयल कम्पनी के स्टेट नोडल ऑफिसर अजय श्रीवास्तव उपस्थित थे।

शहरों में 25 और गाँवों में 45 दिन में सिलेंडर बुकिंग

बैठक में बताया गया कि घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग शहरों में 25 दिन और गाँवों में 45 दिन के अंतराल में की जा रही है। वर्तमान में गैस बुकिंग की संख्या सामान्य है, जिसकी पूर्ति नियमित रूप से की जा रही है। प्रदेश में पेट्रोल, डीजल, एलपीजी, सीएनजी और पीएनजी की पर्याप्त उपलब्धता है। जिन घरों तक पाईप लाइन पहुँच गई है, उन घरों में पीएनजी कनेक्शन दिये जा रहे है। पिछले 1 दिन में 225 नवीन पीएनजी कनेक्शन दिए गए हैं।

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70 प्रतिशत तक दिए जा रहे है कामर्शियल सिलेण्डर

बैठक में ऑयल कम्पनी के स्टेट नोडल ऑफिसर श्रीवास्तव ने बताया कि वर्तमान में भारत सरकार के निर्देशानुसार 70 प्रतिशत की सीमा के अधीन कामर्शियल सिलेंडर उपलब्ध कराये जा रहे है। शुरूआत में 20 प्रतिशत इनकी आपूर्ति हो रही थी।

कालाबाजारी पर कार्यवाही

प्रदेश में गैस सिलेंडर की कालाबाजारी करने वालों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जा रही है। अभी तक 3226 स्थानों पर कार्यवाही कर 3872 सिलेंडर जब्त किये गये है और 11 प्रकरणों में एफआईआर दर्ज की गई है।

पीएनजी कनेक्शन विस्तार पर जोर

बैठक में जानकारी दी गई कि सभी सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (सीजीडी) संस्थाओं को अगले 3 माह में 2 लाख नये पीएनजी कनेक्शन दिये जाने वाले का लक्ष्य दिया गया है। साथ ही सीजीडी संस्थाओं द्वारा प्रतिदिन किये जा रहे आवेदन एवं उसके विरुद्ध दिये जा रहे पीएनजी कनेक्शन की सतत मॉनीटरिंग करने के निर्देश दिए गए हैं। सीजीडी संस्थाओं को पीएनजी के लाभ एवं पीएनजी कनेक्शन की प्रक्रिया से संबंधित एफएक्यू तैयार कर उपलब्ध कराने के निर्देश नोडल सीजीडी संस्था थिंक गैस को दिये गए हैं। भारत सरकार के गतिशक्ति पोर्टल पर सीजीडी संस्थाओं को पाइप-लाइन अपलोड करने के निर्देश दिये गये। सीजीडी संस्थाएँ जिलेवार एवं लोकेलिटीवाइज कैम्प शेड्यूल कर जिला प्रशासन एवं विभाग को उपलब्ध करायेंगी। शहर के जिन स्थानों में पाइप-लाइन गई है, उसके आस-पास के क्षेत्रों के उपभोक्ताओं को ऑयल कम्पनी द्वारा अवगत कराया गया है कि वह पीएनजी कनेक्शन प्राप्त करने के लिये तत्काल आवेदन करें। इसके बाद पीएनजी कनेक्शन प्राप्त नही करने की स्थिति में आगामी 3 माह में एलपीजी का कनेक्शन बंद किया जा सकता है।

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जिला आपूर्ति अधिकारियों को एमपीआईडीसी के जिला अधिकारी, जिले में स्थित पॉलीटेक्निक तथा आईटीआई से प्रशिक्षणार्थियों की सूची सीजीडी संस्था को उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये हैं। सीजीडी संस्था द्वारा इन प्रशिक्षणार्थियों को वर्तमान वेण्डर के साथ क्लब कर मैन पॉवर बढ़ाया जाएगा।

सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) में प्रदेश में कार्यरत 10 संस्थाओं को पीएनजी कनेक्शन की उपलब्धता बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं, जहां घरेलू और व्यावसायिक उपभोक्ताओं की मांग और शिकायतों का त्वरित निराकरण किया जा रहा है। पीएनजी पाइप लाइन जिन क्षेत्रों में बिछ चुकी है, वहां आवासीय परिसर, स्कूल, हॉस्टल, कॉलेज, कम्युनिटी किचन और आंगनवाड़ी केंद्रों को आवेदन प्राप्त होने के 5 दिन में पीएनजी कनेक्शन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। पीएनजी कनेक्शन की प्रगति की निगरानी के लिए जिला स्तर पर कलेक्टर, एडीएम, जिला आपूर्ति अधिकारी और संबंधित सीजीडी संस्थाओं के अधिकारी समीक्षा करेंगे।

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केन्द्र सरकार के निर्देशानुसार पीएनजी कनेक्शन प्रदाय करने के लिये नगरीय प्रशासन एवं विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, लोक निर्माण एवं म.प्र. औद्योगिक विकास निगम द्वारा सीजीडी संस्थाओं को उनके आवेदन करने के 24 घंटे में पाइप-लाइन बिछाने की आरओयू अनुमति दिये जाने के आदेश जारी किये गये हैं। विभाग द्वारा 10 से अधिक आरओयू आवेदनों की 24 घंटे के अंदर स्वीकृति जारी की गई है।

सीजीडी संस्थाओं को घरेलू एवं व्यावसायिक पीएनजी के आवेदनकर्ताओं को पीएनजी कनेक्शन प्राप्त करने के लिये सीजीडी संस्थाओं के कंट्रोल रूम नम्बर इस प्रकार हैं। अवंतिका गैस लिमिटेड – इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर (9424098887), गैल गैस लिमिटेड – देवास, रायसेन, शाजापुर, सीहोर (7880001788), नवेरिया गैस लिमिटेड – धार (07292-223311), थिंक गैस – भोपाल, राजगढ़, शिवपुरी (1800-5727-107), आईओसीएल – गुना (9425991090), मउगंज, रीवा (9424836488), अशोकनगर (9425119522), मुरैना (7223982333), बीपीसीएल – मैहर, सतना शहडोल (9424738607), सीधी, सिंगरौली (9424341954), गुजरात गैस लि. – रतलाम (7412230292) शामिल है। प्रदेश के इन स्थानों से पाइप-लाइन के आस-पास के घरेलू एवं व्यावसायिक उपभोक्ता पीएनजी कनेक्शन के लिये आवेदन कर सकते हैं।

 

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