उदयपुर
राजस्थान के उदयपुर जिले में एक दुल्हन ने अपनी बिंदोली रोके जाने और मारपीट के विरोध में गुरुवार को कलेक्ट्रेट के बाहर अनूठा प्रदर्शन किया. डबोक के हरियाव गांव की रहने वाली यह दुल्हन समाज के लोगों और भीम आर्मी के सदस्यों के साथ गाजे-बाजे के साथ घोड़ी पर सवार होकर जिला कलेक्ट्रेट पहुंची. इस दौरान प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई.
बिंदोली के दौरान हुआ था विवाद
पूरा मामला 29 अप्रैल का है, जब हरियाव गांव में मेघवाल समाज की इस दुल्हन की बिंदोली निकाली जा रही थी. आरोप है कि बिंदोली के दौरान स्वर्ण समाज और मेघवाल समाज के कुछ लोगों के बीच कहासुनी हो गई. विवाद इतना बढ़ा कि दुल्हन को घोड़ी से नीचे उतार दिया गया और मामला मारपीट तक जा पहुंचा. घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामला दर्ज किया था, लेकिन समाज में इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश था.
भीम आर्मी ने समर्थन में निकला जुलूस
इसी घटना के विरोध में आज समाज के लोग और भीम आर्मी के कार्यकर्ता टाउन हॉल में एकत्रित हुए. वहां से दुल्हन को दोबारा घोड़ी पर बिठाया गया और शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट लाया गया. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि समाज की परंपराओं और सम्मान के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
'12 आरोपी थे, सिर्फ 4 को पकड़ा'
दुल्हन पूजा मेघवाल और समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि पुलिस ने 12 में से सिर्फ 4 आरोपियों को पकड़ा है. विरोध प्रदर्शन के बाद जिला प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा गया. इसमें मांग की गई है कि हरियाव गांव की घटना में शामिल शेष आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए.


