राजस्थान में जल्द होगी राजनीतिक नियुक्तियां, भजनलाल शर्मा के दिल्ली दौरे के बाद हलचल तेज

जयपुर

राजस्थान में जल्द राजनीतिक नियुक्तियों की पहली सूची आ सकती है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के दिल्ली दौरे के बाद सत्ता और संगठन में हलचल तेज हो गई है. सीएम ने दिल्ली में बीजेपी संगठन महासचिव बीएल संतोष से मुलाकात की. इन बैठकों को राजस्थान में सत्ता-संगठन से जुड़े बड़े फैसलों के लिहाज से अहम माना जा रहा है. सूत्रों के मुताबिक बैठकों में सबसे ज्यादा चर्चा लंबे समय से अटकी राजनीतिक नियुक्तियों को लेकर हुई.

नियुक्तियों पर होमवर्क पूरा
बताया जा रहा है कि भाजपा संगठन और राज्य सरकार ने बोर्ड, निगम, आयोग और प्राधिकरणों में नियुक्तियों को लेकर पूरा होमवर्क कर लिया है. अब सिर्फ केंद्रीय नेतृत्व की अंतिम मंजूरी बाकी है. चर्चा है कि चुनाव हारने के बाद हाशिए पर गए करीब एक दर्जन वरिष्ठ नेताओं को नई जिम्मेदारियां दी जा सकती हैं. इसके साथ ही लंबे समय से संगठन के लिए काम कर रहे कार्यकर्ताओं को भी एडजस्ट करने की तैयारी है.

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इन नेताओं का नाम दौड़ में सबसे आगे
राजनीतिक गलियारों में जिन नामों की चर्चा सबसे ज्यादा है, उनमें पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़, पूर्व भाजपा प्रदेशाध्यक्ष अशोक परनामी, पूर्व मंत्री प्रभुलाल सैनी, राजपाल सिंह शेखावत, डॉ. रामप्रताप, अभिषेक मटोरिया, कनकमल कटारा, मोहनलाल गुप्ता, निर्मल कुमावत, नारायण पंचारिया, अजयपाल सिंह, चंद्रकांता मेघवाल, संतोष अहलावत जैसे नेताओं के नाम शामिल बताए जा रहे हैं.

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राष्ट्रीय अध्यक्ष से संगठन को मजबूत करने पर चर्चा
मुख्यमंत्री ने आज (10 मई) दिल्ली में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन से भी मुलाकात की. हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी की ऐतिहासिक विजय पर हार्दिक बधाई दी. इस अवसर पर संगठन को मजबूत करने और आगामी कार्यक्रमों को लेकर चर्चा हुई.

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किसी भी वक्त मिल सकती है हरी झंडी
भाजपा इन नियुक्तियों के जरिए क्षेत्रीय, जातीय और संगठनात्मक संतुलन साधने की रणनीति पर काम कर रही है. साथ ही चुनाव हार चुके नेताओं को नई भूमिका देकर कार्यकर्ताओं में राजनीतिक संदेश देने की भी तैयारी मानी जा रही है. सूत्रों का कहना है कि दिल्ली से हरी झंडी मिलते ही राजनीतिक नियुक्तियों की कवायद शुरू हो सकती है.

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