योगी सरकार का दिव्यांगजनों को सशक्त बनाने पर जोर, हर विधानसभा क्षेत्र में लगेंगे कल्याण शिविर

योगी सरकार का दिव्यांगजनों को सशक्त बनाने पर जोर, हर विधानसभा क्षेत्र में लगेंगे कल्याण शिविर

दिव्यांगजनों को घर के नजदीक मिलेंगी सुविधाएं, 10 अक्टूबर तक शिविर पूरा करने का लक्ष्य

सहायक उपकरण योजना के तहत पात्र दिव्यांगजनों को मिलेंगे कृत्रिम अंग और आवश्यक उपकरण

एक ही स्थान पर पंजीकरण, पात्रता सत्यापन और विभिन्न सरकारी योजनाओं की मिलेगी जानकारी

जिलाधिकारियों और मुख्य विकास अधिकारियों को विभागों के बीच समन्वय के निर्देश

लखनऊ
 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल करने जा रही है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में सहायक उपकरण योजना के तहत पात्र दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग और आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराने के लिए प्रदेशभर में व्यापक स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। सेवा सेतु अभियान के अंतर्गत प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में दिव्यांग कल्याण शिविर लगाए जाएंगे, जिन्हें 10 अक्टूबर 2026 तक पूरा कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

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योगी सरकार की इस पहल का उद्देश्य सरकारी योजनाओं का लाभ दिव्यांगजनों तक उनके निकटतम क्षेत्र में पहुंचाना है, ताकि उन्हें आवश्यक सुविधाओं के लिए सरकारी कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़ें। शिविरों के माध्यम से पात्र लाभार्थियों को एक ही स्थान पर विभिन्न योजनाओं की जानकारी, आवेदन, पात्रता सत्यापन और लाभ उपलब्ध कराने की सुविधा मिलेगी।

एक ही स्थान पर मिलेंगी कई योजनाओं की सुविधाएं

दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से आयोजित होने वाले इन शिविरों में पात्र दिव्यांगजनों का चिन्हांकन और पंजीकरण किया जाएगा। सहायक उपकरणों के लिए आवेदन लेने के साथ आवश्यक अभिलेखों एवं पात्रता का सत्यापन भी होगा। इसके बाद निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार पात्र लाभार्थियों को कृत्रिम अंग और उनकी आवश्यकता के अनुरूप सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की कार्यवाही की जाएगी।

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इसके अलावा विभिन्न विभागों की दिव्यांगजन हितैषी योजनाओं की जानकारी भी एक ही स्थान पर दी जाएगी। जरूरत के अनुसार लाभार्थियों को स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के साथ आवेदन प्रक्रिया के संबंध में मार्गदर्शन भी प्रदान किया जाएगा।

अधिकारियों को समन्वय के निर्देश

शासनादेश के अनुसार शिविरों के प्रभावी आयोजन के लिए जिला स्तर पर जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी के माध्यम से संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया जाएगा। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से अधिकारियों को अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों तक शिविरों की सूचना पहुंचाने और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

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योगी सरकार की यह पहल दिव्यांगजनों की गतिशीलता, आत्मनिर्भरता और सामाजिक सहभागिता बढ़ाने में सहायक होगी। लाभार्थियों को उनके नजदीकी क्षेत्र में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने से सरकारी योजनाओं तक उनकी पहुंच आसान होगी। यह अभियान ‘सरकार की योजनाओं का लाभ लाभार्थी के द्वार तक’ पहुंचाने के संकल्प को आगे बढ़ाने के साथ दिव्यांगजनों के सम्मानजनक और सुगम जीवन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

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