साइबर फ्रॉड का भंडाफोड़: पुलिस ने पकड़े दो आरोपी, 90 लाख की संदिग्ध रकम जब्त

कांकेर

कांकेर पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी के मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों द्वारा लगभग 90 लाख रुपये की संदिग्ध राशि अन्य बैंक खातों में ट्रांसफर किए जाने का खुलासा हुआ है। पुलिस ने म्यूल अकाउंट से जुड़े अन्य खातों की जांच शुरू कर दी है और कई खातों को फ्रीज भी करा दिया गया है।

ये भी पढ़ें :  छत्तीसगढ़-सरगुजा में ट्रक ने कार को मारी टक्कर, पांच लोगों की दर्दनाक मौत

पुलिस मुख्यालय ने गृह मंत्रालय, भारत सरकार के साइबर अपराध पोर्टल से प्राप्त इनपुट के आधार पर यह कार्रवाई की। जांच में पाया गया कि आईडीएफसी फर्स्ट बैंक, शाखा कांकेर के खाते क्रमांक 10181380466 में अवैध रूप से साइबर फ्रॉड से प्राप्त रकम जमा की गई थी। आरोपी यह जानते हुए भी खाते का इस्तेमाल कर रहे थे कि इसमें धोखाधड़ी से अर्जित रकम है।

ये भी पढ़ें :  महासमुन्द : नीति आयोग की महानिदेशक श्रीमती निधि छिब्बर ने आकांक्षी जिलों के प्रगति सूचकांकों की समीक्षा

मामले में थाना कांकेर में अपराध क्रमांक 305/2025 धारा 317(2), 317(4), 317(5), 318(4), 111 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई है।

मामले में कांकेर थाना में धारा 317(2), 317(4), 317(5), 318(4), 111 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई है। इस दौरान पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को दबोचा है।

ये भी पढ़ें :  रायपुर : दो सिंचाई परियोजनाओं के कार्यों के लिए 7.36 करोड़ रूपए स्वीकृत

गिरफ्तार आरोपियों के नाम

अमन पासवान (30 वर्ष), पिता श्रीराम पासवान, निवासी पंखाजुर, थाना पंखाजुर।

सुजित मजुमदार (38 वर्ष), पिता सुधीर मजुमदार, निवासी गढ़चिरौली, महाराष्ट्र।

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment