हमास ने गाजा से इजरायली बंधकों की रिहाई में देरी का किया ऐलान, टूटने वाला है संघर्षविराम?

जेरुसलम
हमास ने गाजा से इजरायली बंधकों की रिहाई में देरी का ऐलान कर दिया है। हमास ने इजरायल के साथ-साथ अमेरिका, कतर और मिस्र को भी चेतावनी दी है। इसके बाद इजरायल और हमास के बीच संघर्षविराम को लेकर आशंका गहराने लगी है। करीब 16 महीने तक चले युद्ध के बाद यह संघर्षविराम हुआ था। हमास इजरायल के बंधकों को रिहा कर रहा है। लेकिन पिछले हफ्ते जो बंधक छूटकर आए हैं, उनमें तीन पुरुष बेहद कमजोर नजर आए। इस सीजफायर के दौरान ही गाजा के बंधकों की रिहाई होनी है। वहीं, इजरायल का कहना है कि आठ लोगों की मौत हो चुकी है।

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हमास से बंधकों की रिहाई अगले शनिवार को होने वाली है। परिवारों का कहना है कि जो लोग जिंदा हैं, उनके लिए यह समय बहुत कीमती है। सोमवार को हमास के ऐलान के बाद इजरायल इस बात का इंतजार कर रहा है कि मंगलवार को सुरक्षा कैबिनेट की बैठक में क्या फैसला होगा। इन घटनाओं ने गाजा में नए डर को जन्म दिया है, जहां सैकड़ों हजारों विस्थापित फिलिस्तीनी युद्ध के पहले हफ्तों में निकाले जाने के बाद क्षेत्र के उत्तर में अपने घरों के बचे हुए हिस्सों की ओर बढ़ गए हैं। सीजफायर के छह सप्ताह के पहले चरण के आधे से अधिक समय में अनिश्चितता, उस कठिन चरण पर बातचीत को जटिल बनाती है जो एक हफ्ते पहले शुरू होने वाली थी।

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हुआ क्या है?
हमास ने इजरायल पर आरोप लगाया कि उसने समझौते के अपने हिस्से को पूरा नहीं किया है। इसमें कहा गया है कि उसयने उत्तरी गाजा में फिलिस्तीनियों को लौटने की अनुमति नहीं दी। पूरे क्षेत्र में हमले किए और मदद को सुविधाजनक बनाने में विफल रहा। हमास ने कहा है कि अगली नोटिस तक बंधकों की रिहाई थमी रहेगी। हमास के इस रवैये को इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने संघर्ष विराम समझौते का पूर्ण उल्लंघन बताया। साथ ही उन्होंने अपनी सेना को पूरी तरह से अलर्ट रहने के लिए कहा। वहीं प्रधानमंत्री द्वारा तैनात किए गए बंधकों के समन्वयक ने कहाकि सरकार अपने हिस्से के समझौते को पूरा करने को तैयार है।

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इजरायल के लिए यह बात
बाद में हमास ने एक बयान जारी कर कहाकि बंधकों की रिहाई पर लगी रोक इजरायल के लिए एक चेतावनी है। साथ ही उसने कहा कि अमेरिका, कतर और मिस्र के लिए इजरायल पर दबाव डालने के लिए पांच दिन का समय है। अगर इजरायल अपनी जिम्मेदारियों का पालन करता है तो बंधकों की रिहाई योजना के मुताबिक चलाने के लिए दरवाजा खुला है।

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