जीवन की दौड़ या मानसिक कैद? गरुड़ पुराण के अनुसार मोक्ष का असली अर्थ

 क्या हो अगर आप पूरी जिंदगी एक ऐसी दौड़ में भाग रहे हों, जिसका कोई अंत ही न हो? जहां हर उपलब्धि कुछ समय के लिए खुशी देती है, लेकिन फिर आपको अगले लक्ष्य की तरफ धकेल देती है. बचपन से हमें यही सिखाया जाता है- अच्छी पढ़ाई करो, करियर बनाओ, शादी करो, परिवार संभालो.  फिर एक दिन शांति मिलेगी. लेकिन सच यह है कि वह 'एक दिन' कभी आता ही नहीं. हम एक पिंजरे से निकलकर दूसरे पिंजरे में चले जाते हैं. बस फर्क इतना होता है कि नया…

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Garuda Puran: ये 5 लोग अंतिम संस्कार में नहीं हो सकते शामिल, पुराण में है मनाही

हिंदू धर्म में 16 संस्कारों का जिक्र किया गया है, जिनमें से एक है अंतिम संस्कार. अंतिम संस्कार को बहुत पवित्र और गंभीर कर्म माना जाता है. दरअसल, इस संस्कार के दौरान मृतक व्यक्ति के शव को मुखाग्नि दे दी जाती है, जिसके बाद उसका शरीर पंचतत्व लीन हो जाता है. गरुड़ पुराण के अनुसार, यह संस्कार आत्मा की शांति और उसकी आगे की यात्रा से संबंधित होता है. इसलिए, अंतिम संस्कार के समय माहौल शांत और संयमित रहना जरूरी होता है. इसी वजह से गरुड़ पुराण में कुछ लोगों…

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