साइबर अपराधों के विरुद्ध 15 दिवसीय “Safe Click 2.0” वृहद जनजागरूकता अभियान चलेगा

भोपाल 

प्रदेश में साइबर अपराधों की रोकथाम तथा नागरिकों को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के प्रति जागरूक बनाने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा 15 दिवसीय प्रदेशव्यापी साइबर वृहद जन-जागरूकता अभियान 24 जून से 8 जुलाई तक "Safe Click 2.0" नाम से प्रारंभ किया जाएगा। अभियान का उद्देश्य साइबर सुरक्षा को जनआंदोलन का स्वरूप प्रदान करते हुए समाज के प्रत्येक वर्ग तक साइबर अपराधों से बचाव संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी पहुंचाना है।

पुलिस मुख्यालय में आयोजित बैठक के दौरान पुलिस महानिदेशक  कैलाश मकवाणा ने अभियान की तैयारियों की समीक्षा करते हुए वीडियो कॉफ्रेंसिंग के माध्‍यम से समस्‍त जोनल पुलिस महानिरीक्षकों एवं पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिए कि इस अभियान को अधिक व्यापक, प्रभावी एवं जनसहभागिता आधारित स्वरूप में संचालित किया जाए।

ये भी पढ़ें :  मध्यप्रदेश में एसआईआर की शुरुआत, 65 हजार BLOs ट्रेनिंग के बाद 72 हजार बूथों पर करेंगे घर-घर संपर्क

डीजीपी ने कहा कि फरवरी 2025 में संचालित साइबर जागरूकता प्रयासों में सभी इकाइयों द्वारा सराहनीय कार्य किया गया, जिसके परिणामस्वरूप डिजिटल अरेस्ट जैसे साइबर अपराधों की घटनाओं में कमी देखने को मिली।

उन्होंने कहा कि आने वाले समय में साइबर अपराधों की बढ़ती चुनौतियों से प्रभावी रूप से निपटने के लिए जनता को निरंतर जागरूक करना आवश्यक है तथा सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मिलकर इस अभियान को सफल बनाना होगा।

अभियान के दौरान प्रदेशभर में विभिन्न स्तरों पर व्यापक जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनमें संस्थागत गतिविधियों के अंतर्गत विद्यालयों, महाविद्यालयों, कोचिंग संस्थानों, शासकीय कार्यालयों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों एवं अन्य संस्थानों में साइबर सुरक्षा कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। सामुदायिक जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से ग्राम पंचायतों, नगरीय क्षेत्रों, बाजारों एवं सार्वजनिक स्थलों पर नागरिकों को साइबर अपराधों के नए तौर-तरीकों तथा उनसे बचाव के उपायों की जानकारी दी जाएगी।

ये भी पढ़ें :  गणित एवं विज्ञान विषय के ओलम्पियाड का आयोजन, विकासखण्ड स्तरीय परीक्षा 7 दिसम्बर को

अभियान के अंतर्गत जागरूकता वाहन के माध्यम से जनसंदेश प्रसारित किए जाएंगे, साइबर सुरक्षा मेले आयोजित होंगे तथा युवाओं की सहभागिता बढ़ाने के लिए "स्कैम हैकथॉन" जैसे नवाचार कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। नागरिकों को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के प्रति प्रतिबद्ध करने हेतु साइबर सुरक्षा शपथ दिलाई जाएगी। साथ ही "मानव क्यूआर कोड" जैसी अभिनव गतिविधियों के माध्यम से साइबर सुरक्षा संदेशों को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा। अभियान अवधि में साइबर जागरूकता श्रृंखला के तहत विभिन्न विषयों पर नियमित जनसंपर्क एवं संवाद कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।

ये भी पढ़ें :  राजनीति का उद्देश्य समाज कल्याण है, नई पीढ़ी को पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविन्द नारायण सिंह से सेवा और समर्पण की लेनी चाहिए सीख : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मध्यप्रदेश पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि, साइबर ठगी अथवा फर्जी संदेश की सूचना तत्काल पुलिस एवं साइबर हेल्पलाइन को दें तथा सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाकर साइबर सुरक्षित मध्यप्रदेश के निर्माण में सहभागी बनें।

 

Share

Leave a Comment