एम.पी. ट्रांसको में व्हाट्सएप की जगह अब ‘अराताई’

भारत में निर्मित स्वदेशी ऐप का सफल प्रयोग

भोपाल 
आत्मनिर्भर भारत” की दिशा में कदम बढ़ाते हुए मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एम.पी. ट्रांसको) ने भारत में निर्मित स्वदेशी मैसेजिंग ऐप अराताई का प्रयोग शुरू कर दिया है। ज़ोहो कॉर्प द्वारा विकसित यह ऐप विदेशी प्लेटफॉर्म व्हाट्सएप का सुरक्षित और मजबूत विकल्प माना जा रहा है।

ये भी पढ़ें :  अंदरूनी साजिश का पर्दाफाश: होटल कर्मचारी ने रची 75 लाख की लूट, 4 धराए

एम.पी. ट्रांसको में सबसे पहले शहडोल डिवीजन के कार्यपालन अभियंता श्री चंद्रभान कुशवाहा ने कार्यालयीन संवाद और फाइल शेयरिंग के लिए स्वदेशी अराताई का उपयोग प्रारंभ किया है। उन्होंने बताया कि “अराताई पूरी तरह भारत में विकसित सुरक्षित और विश्वसनीय प्लेटफॉर्म है, जिससे विभागीय संवाद को स्वदेशी तकनीक के माध्यम से सशक्त बनाया जा सकेगा।”

ये भी पढ़ें :  हाई कोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ में भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा लगाने को लेकर उपजा विवाद अभी नहीं थमा

ऐप में उच्च स्तरीय डेटा सुरक्षा, ग्रुप मैसेजिंग, मल्टी-डिवाइस सपोर्ट और तेज़ फ़ाइल शेयरिंग जैसी सुविधाएं हैं। इसका डेटा भारत के सर्वरों पर सुरक्षित रहता है।

श्री कुशवाहा की पहल से शहडोल डिवीजन का संपूर्ण आंतरिक संचार अब अराताई के माध्यम से हो रहा है। एम.पी. ट्रांसको की यह पहल डिजिटल आत्मनिर्भरता और स्वदेशी तकनीकी समाधानों को प्रोत्साहित करने की दिशा में सराहनीय कदम है।

ये भी पढ़ें :  भोपाल के सुभाष स्कूल में सीएम यादव ने किया योग, एमपी के स्कूलों में सामूहिक सूर्य नमस्कार

 

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment