सतना के बिरला अस्पताल में हंगामा, ब्रेन ट्यूमर ऑपरेशन के बाद महिला के पेट पर मिला गहरा चीरा

सतना

शहर के प्रियंवदा बिरला अस्पताल में एक महिला के ऑपरेशन के बाद गंभीर लापरवाही के आरोपों ने पूरे शहर को झकझोर दिया। ब्रेन ट्यूमर के ऑपरेशन के बाद जब महिला को घर ले जाया गया, तो उसके पेट पर भी चीरा मिलने से स्वजनों के होश उड़ गए। इस खुलासे के बाद शुक्रवार को अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा हुआ, जो घंटों तक चलता रहा और स्थिति संभालने के लिए पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।

कुछ यह है घटनाक्रम

सभापुर थाना क्षेत्र के ग्राम माजन निवासी 60 वर्षीय जमुनिया साकेत को 29 मार्च को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जांच के बाद डॉक्टरों ने ब्रेन ट्यूमर की पुष्टि की और 1 अप्रैल को ऑपरेशन किया गया।

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स्वजनों के मुताबिक, ऑपरेशन के बाद महिला को होश तक नहीं आया, बावजूद इसके शुक्रवार सुबह अस्पताल ने उसे छुट्टी दे दी। लेकिन घर पहुंचने के बाद जब स्वजनों ने पट्टियां हटाईं, तो महिला के पेट पर भी सर्जरी जैसा गहरा चीरा दिखाई दिया।

इस अप्रत्याशित स्थिति ने स्वजनों को स्तब्ध कर दिया और उन्होंने तुरंत इसे गंभीर चिकित्सकीय लापरवाही मानते हुए अस्पताल का रुख किया। लेकिन स्वजन जब बिरला अस्पताल पहुंचे तो डॉक्टर के छुट्टी पर होने की बात कह उसे एडमिट करने से अस्पताल प्रबंधन ने इंकार कर दिया।

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इसके बाद अस्पताल पहुंचे स्वजन और ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। उन्होंने डॉक्टरों और अस्पताल प्रबंधन पर गलत इलाज और लापरवाही के आरोप लगाते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान अस्पताल स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की और हाथापाई की भी स्थिति बनी। आरोप है कि सुरक्षा गार्डों ने महिलाओं के साथ अभद्रता और मारपीट भी की।

सूचना पर पहुंचे दो थानों के प्रभारी

सूचना मिलते ही कोलगवां थाना प्रभारी सुदीप सोनी सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। कोतवाली थाना प्रभारी रवीन्द्र द्विवेदी समेत अन्य थानों की पुलिस भी मौके पर मौजूद रही। इसके बावजूद करीब तीन घंटे तक अस्पताल परिसर में तनाव बना रहा।

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कांग्रेस नेता बैठे धरने पर

घटना की सूचना पर कांग्रेस नेता रितेश त्रिपाठी भी मौके पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत कर समर्थन जताया। परिजन अस्पताल प्रबंधन पर तीन लाख रुपये लेने के बावजूद उचित इलाज न देने का आरोप लगा रहे हैं और न्याय की मांग कर रहे हैं।

अस्पताल प्रबंधन का पक्ष

अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि ऑपरेशन पूरी तरह चिकित्सा मानकों के अनुरूप किया गया है और सभी प्रोटोकॉल का पालन हुआ है। पुलिस ने दोनों पक्षों की बात सुनकर मामले की जांच शुरू कर दी है।

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