UPSSSC और UPPCS की परीक्षाओं में छाया फरमान मियां का नाम, प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्रों में शामिल होने से प्रदेशभर में चर्चा

लखनऊ
उत्तर प्रदेश की प्रमुख प्रतियोगी परीक्षाओं UPSSSC और UPPCS के हालिया प्रश्नपत्रों में फरमान हसन खान उर्फ फरमान मियां का नाम आने से प्रदेशभर में चर्चा तेज है. जमात रजा-ए-मुस्तफा के राष्ट्रीय महासचिव फरमान मियां सामाजिक, धार्मिक और जनसेवा कार्यों के लिए चर्चित हैं तथा कई सम्मानों से सम्मानित हो चुके हैं.
 उत्तर प्रदेश की प्रमुख प्रतियोगी परीक्षाओं UPSSSC और UPPCS के हालिया प्रश्न पत्रों में फरमान हसन खान उर्फ फरमान मियां का नाम शामिल होने के बाद प्रदेश भर में इसकी चर्चा शुरू हो गई है. खासकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के बीच यह विषय तेजी से फैल रहा है.

ये भी पढ़ें :  कुंदरकी विधानसभा सीट पर बड़ा उलटफेर ,11 मुस्लिमों के बीच अकेला हिंदू प्रत्याशी... कुंदरकी में कैसे रामवीर ठाकुर ने फहराया भगवा!

फरमान मियां 108 साल पुरानी संगठन जमात रजा-ए-मुस्तफ़ा के राष्ट्रीय महासचिव हैं और सामाजिक व धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं. वे काजी–ए–हिंदुस्तान मुफ्ती असजद रजा ख़ान के दामाद हैं तथा आला हजरत ताजुश्शरिया वेलफेयर सोसाइटी के संस्थापक भी हैं.

समाजसेवा के क्षेत्र में उनके नेतृत्व में समय-समय पर मेडिकल कैंप, जरूरतमंदों के लिए उपचार छात्रो के लिए मुफ्त शिक्षा सहायता और राहत कार्य आयोजित किए गए हैं. विशेष रूप से गरीब मरीजों के इलाज और सर्जरी की व्यवस्था जैसे प्रयासों को प्रदेश स्तर पर सराहा गया है. उनके इन्हीं कार्यों के लिए उन्हें भारत गौरव रत्न सम्मान से नवाजा जा चुका है. इसके अलावा स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और मानवाधिकार से जुड़े अभियानों में योगदान के लिए विभिन्न संस्थाओं द्वारा सम्मानित भी किया गया है.

ये भी पढ़ें :  केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक दिल्ली में, यूपी में मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें तेज

प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्न पत्रों में किसी व्यक्ति का नाम शामिल होना उसकी व्यापक पहचान का संकेत माना जाता है. ऐसे में फरमान मियाँ का उल्लेख प्रदेश स्तर पर एक चर्चा का विषय बन गया है. फिलहाल, इसको लेकर अभ्यर्थियों और आम लोगों के बीच अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, लेकिन यह साफ है कि यह मुद्दा परीक्षा जगत में खास दिलचस्पी का कारण बना हुआ है.

ये भी पढ़ें :  बदायूं में बड़ी कार्रवाई: 179 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सेवा समाप्त, 663 का मानदेय रोका

 

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment