भारत में पहली बार ड्राइवरलेस Pod Taxi की शुरुआत, ट्रैफिक जाम से मिलेगी बड़ी राहत

मुंबई 

 मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (MMRDA) ने बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) में देश की पहली स्वायत्त पॉड टैक्सी सेवा शुरू करने की दिशा में अहम फैसला लिया है। मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस महत्वाकांक्षी परियोजना को औपचारिक मंजूरी प्रदान (Pod Taxi) की गई। यह अत्याधुनिक परिवहन प्रणाली पूरी तरह ड्राइवरलेस होगी, जो आधुनिक तकनीक की मदद से यात्रियों को सुरक्षित और सुगम सफर का अनुभव देगी। इस पहल का मुख्य लक्ष्य व्यस्त कारोबारी इलाकों में लास्ट माइल कनेक्टिविटी की समस्या को खत्म करना है।

8.8 किलोमीटर रूट और 38 स्टेशनों का नेटवर्क

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    पॉड टैक्सी सेवा 8.8 किलोमीटर लंबे निर्धारित कॉरिडोर पर संचालित होगी
    पूरे रूट पर कुल 38 स्टेशनों का निर्माण किया जाएगा
    ऑफिस हब और मेट्रो स्टेशनों के बीच कनेक्टिविटी आसान और तेज होगी
    परियोजना पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल के तहत विकसित की जाएगी
    सभी पॉड टैक्सियां बिजली से संचालित होंगी, जिससे प्रदूषण में कमी आएगी
    यह परिवहन प्रणाली तेज, सुरक्षित और अत्याधुनिक तकनीक पर आधारित होगी
    हर कुछ मिनटों के अंतराल पर टैक्सी उपलब्ध रहेगी
    यात्रियों को वेट टाइम कम होगा

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BKC के लाखों यात्रियों को मिलेगा सीधा फायदा
बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स मुंबई का प्रमुख व्यावसायिक केंद्र है, जहां रोजाना लाखों लोग काम के लिए आते हैं। फिलहाल यहां रेलवे स्टेशनों से ऑफिस तक पहुंचना भारी ट्रैफिक और भीड़ के कारण चुनौती बना हुआ है।

पॉड टैक्सी सेवा शुरू होने के बाद करीब 6 लाख यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है। यह तकनीक बिना रुकावट के भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में चलने में सक्षम है, जिससे सड़कों पर वाहनों का दबाव कम होगा और यातायात व्यवस्था अधिक सुचारु बनेगी।

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समयबद्ध निर्माण और भविष्य की बड़ी योजना
एमएमआरडीए ने इस परियोजना (Pod Taxi) को तय समयसीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा है। रियायत अवधि के तहत इसके निर्माण, संचालन और रखरखाव की जिम्मेदारी चयनित निजी कंपनी को सौंपी जाएगी। टेंडर प्रक्रिया और आवश्यक कानूनी औपचारिकताओं को जल्द अंतिम रूप दिया जाएगा। सरकार का मानना है कि इस तरह की आधुनिक परिवहन परियोजनाएं मुंबई की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को नई दिशा देंगी और देश के अन्य बड़े शहरों के लिए एक उदाहरण साबित होंगी।

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