हिजबुल्लाह पर इजरायल के बढ़ते हमलों के बीच अमेरिका, फ्रांस, कनाडा और ब्रिटेन की सरकारों ने नागरिकों को किया अलर्ट

इजरायल
हिजबुल्लाह आतंकियों पर इजरायल के बढ़ते हमलों के बीच अमेरिका, फ्रांस, कनाडा और ब्रिटेन की सरकारों ने लेबनान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि जितना जल्दी हो सके, देश छोड़ दें। अमेरिकी विदेश विभाग ने आग्रह किया है कि जब तक हवाई उड़ान उपलब्ध हैं, लेबनान खाली कर दें। कुछ दिन में सुरक्षा स्थिति बहुत खराब हो सकती है। कुछ दिन पहले लेबनान पर इजरायल ने हवाई हमले में हिजबुल्लाह के टॉप कमांडर अहमद वाहबी समेत कई लोगों को मार डाला था। बेरूत में इजरायली हमले में मरने वालों की संख्या 37 हो गई है।

ये भी पढ़ें :  Independence Day : अमेरिका में दिखी छत्तीसगढ़ की समृद्ध आदिवासी संस्कृति की झलक

हफ्ते भर पहले इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने युद्ध कैबिनेट में ऐलान किया था कि हमास के बाद अब हिजबुल्लाह से सीधी टक्कर का समय आ गया है। उन्होंने लेबनान से मिलती उत्तरी क्षेत्र में लोगों को फिर से बसाने और हिजबुल्लाह पर हमले तेज करने का ऐलान किया था। इसके बाद से हिजबुल्लाह पर लगातार हमले हो रहे हैं। पेजर और वॉकी-टॉकी अटैक में कई हिजबुल्लाह कमांडरों को इजरायल मौत की नींद सुला चुका है। उस हमले में 4 हजार से अधिक घायल भी हैं। शुक्रवार को बेरूत पर हुए हमले में मरने वालों की संख्या 37 हो गई।

ये भी पढ़ें :  US National Debt: अमेरिका का राष्ट्रीय कर्ज पहली बार $40 ट्रिलियन के पार, बढ़ी वित्तीय चिंता

दूसरी ओर हिजबुल्लाह भी इजरायल पर काउंटर अटैक कर रहा है। रविवार को इजरायली मीडिया ने रिपोर्ट किया कि हिजबुल्लाह ने उत्तरी इजरायल में 100 से ज्यादा रॉकेट छोड़े। हालांकि इन हमलों से किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। ज्यादातर हमलों को शिन बेट और इजरायली वायु रक्षा प्रणाली द्वारा हवा में ही नष्ट कर दिया गया और बाकी निर्जन इलाकों में गिरे।

लेबनान को लेकर अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन का अलर्ट
लेबनान पर हिजबुल्लाह और इजरायल के बीच बढ़ते संघर्ष ने अमेरिका समेत कई देशों को चिंता में डाल दिया है। शनिवार रात अमेरिकी विदेश विभाग ने लेबनान में रह रहे अमेरिकियों से आग्रह किया कि वे जितना जल्दी हो सके देश छोड़ दें। अमेरिका ने इसके पीछे की वजह इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच संघर्ष बताया है। इसी प्रकार की सलाह फ्रांस, ब्रिटेन और कनाडा सहित कई देशों द्वारा भी दी गई है। नागरिकों को जारी एडवाइजरी में लेबनान न जाने की सलाह और लेबनान में अगर हैं, तो तुरंग स्थान खाली करने की एजवाइजरी जारी की गई है। चेतावनी दी गई है कि अगर देरी की तो आपातकालीन स्थिति में उनके दूतावास सहायता करने में सक्षम नहीं होंगे।

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment