के उपयोग से नगरीय सेवाओं में आएगा व्यापक एवं प्रभावी बदलाव: आयुक्त भोंडवे

भोपाल

नगरीय विकास एवं आवास आयुक्त  संकेत भोंडवे ने कहा है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के प्रासंगिक समावेश से शासकीय कार्यप्रणाली और नागरिक सेवाओं को अधिक त्वरित, पारदर्शी तथा आंकड़ा-आधारित (डेटा-ड्रिवन) बनाने में क्रांतिकारी परिवर्तन संभव हैं। नगरीय क्षेत्रों में उपलब्ध विशाल आंकड़ों के सूक्ष्म विश्लेषण, सेवाओं की प्रभावी निगरानी और निर्णय प्रक्रिया को चुस्त-दुरुस्त बनाकर आम नागरिकों के जीवन को और अधिक सुगम एवं सुविधाजनक बनाया जा सकता है।  भोंडवे भोपाल में ओरेकल द्वारा आयोजित 'गोवएआई लीडरशिप फोरम-2026' में मुख्य वक्ता के रूप में सहभागिता करते हुए अपने विचार व्यक्त कर रहे थे।

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सुरक्षा मानकों और डेटा निजता पर बल

आयुक्त  भोंडवे ने तकनीक के जिम्मेदार और जन-उपयोगी प्रयोग का आह्वान करते हुए कहा कि एआई आधारित नवाचारों को अपनाते समय डिजिटल आंकड़ों की सुरक्षा, नागरिकों की व्यक्तिगत निजता और सुदृढ़ साइबर सुरक्षा तंत्र सुनिश्चित करना अत्यंत अनिवार्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि तकनीकी प्रगति के साथ कड़े सुरक्षा मानकों का संतुलन बनाए रखकर ही जन-विश्वास और डेटा गोपनीयता को सुरक्षित रखा जा सकता है।

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एमपी अर्बन लॉकर: डिजिटल सुशासन की दिशा में नवाचार

मध्यप्रदेश में डिजिटल सुशासन के क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे नए आयामों को रेखांकित करते हुए  भोंडवे ने 'एमपी लॉकर' एवं 'एमपी अर्बन लॉकर ऐप' की विशेषताओं और उसकी सर्व-उपयोगिता की विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि डिजिटल माध्यमों के जरिए नागरिकों को महत्वपूर्ण दस्तावेज और नगरीय सेवाएं उनके द्वार तक पहुंचाना शासन को अधिक पारदर्शी और संवेदनशील बनाता है। 'एमपी अर्बन लॉकर ऐप' एंड्रॉयड और आईओएस दोनों प्रमुख प्लेटफॉर्म्स के स्टोर पर जनसामान्य के उपयोग के लिए उपलब्ध है।

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संतुलित एआई आधारित शासन व्यवस्था पर विमर्श

फोरम में एआई एवं डिजिटल प्रौद्योगिकी के विशेषज्ञों ने भाग लेते हुए प्रशासनिक सुशासन में तकनीक, डेटा प्रबंधन और सुरक्षा मानकों के मध्य समन्वय स्थापित करने पर गहन विचार-मंथन किया। इस अवसर पर आईटी, एआई विशेषज्ञ, प्रशासनिक अधिकारी एवं विषय-विशेषज्ञ उपस्थित रहे। 

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