भोपाल में RGPV के प्यून पर 15 लोगों से 18 लाख की ठगी का आरोप, क्लर्क की नौकरी लगवाने का दिया झांसा

 भोपाल
राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (आरजीपीवी) में नौकरी लगवाने के नाम पर विवि के प्यून ने 15 लोगों से करीब 18 लाख रुपये की ठगी कर ली और फिर ठगी की रकम अपने कैंसर के इलाज में खर्च कर दी।

आरोपी ने आरजीपीवी में क्लर्क की नौकरी निकलने की बात कहकर लोगों से रकम ली। पुलिस जांच में सामने आया है कि उसने नौकरी से संबंधित फर्जी नोटिस भी दिखाया था। आरोपी फिलहाल मुंह के कैंसर की चौथी स्टेज से पीड़ित है और उसका कीमोथैरेपी से इलाज चल रहा है। गांधीनगर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया है।

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परिचित के माध्यम से की 15 लोगों से ठगी
    पुलिस के अनुसार मामले की शिकायतकर्ता छिंदवाड़ा निवासी नुसरत आयशा ने बताया कि वर्ष 2025 में सतपुड़ा भवन से सेवानिवृत्त परिचित हनीफ मियां के माध्यम से उसकी पहचान आरजीपीवी के प्यून नसीम खान से हुई थी। नसीम ने आरजीपीवी में क्लर्क की भर्ती निकलने की बात कही और नौकरी लगवाने का भरोसा दिया।

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    इसके बाद नुसरत ने उसे रकम दी। उसने अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को भी नौकरी लगवाने की जानकारी दी, जिसके बाद कुल 15 लोगों ने नसीम को करीब 18 लाख रुपये दे दिए। आरोप है कि रकम लेने के बाद नसीम ने सभी को नौकरी नहीं लगवाई।

ठगी की रकम इलाज में खर्च होने की बात आई सामने
इसी दौरान वह कैंसर से पीड़ित हो गया। शिकायतकर्ताओं के अनुसार नसीम ने बताया कि उसने नौकरी के लिए ली गई रकम अपने इलाज में खर्च कर दी है। जांच कर रहे एएसआइ संजय मिश्रा ने बताया कि आरोपी के बयान लिए जा चुके हैं। फिलहाल उसका कैंसर का इलाज चल रहा है, इसलिए उसकी गिरफ्तारी नहीं की गई है। पुलिस मामले में रकम के लेन-देन, फर्जी दस्तावेज और अन्य पीड़ितों की जानकारी जुटा रही है।

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