छत्तीसगढ़ निकाय चुनाव: भिलाई समेत 4 नगर निकायों के 170 वार्डों में भाजपा तैयार करेगी 3-3 दावेदारों का पैनल

भिलाई
नगरीय निकाय चुनाव की तैयारियों के बीच भारतीय जनता पार्टी में पार्षद टिकट को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। भिलाई नगर निगम, भिलाई-चरोदा नगर निगम, रिसाली नगर निगम और जामुल नगर पालिका के कुल 170 वार्डों में प्रत्याशियों के चयन के लिए पार्टी तीन-तीन दावेदारों का पैनल तैयार करेगी। इस पैनल में शामिल तीन नामों में से किसी एक पर पार्टी अंतिम मुहर लगाएगी। इस व्यवस्था ने टिकट के दावेदारों की सक्रियता बढ़ा दी है। वार्डों में अपनी दावेदारी मजबूत करने से लेकर संगठन के जिम्मेदार पदाधिकारियों तक अपनी बात पहुंचाने की कवायद शुरू हो गई है।

पार्टी की रणनीति स्पष्ट है कि केवल दावेदारी जताने या संगठन में प्रभाव रखने से टिकट नहीं मिलेगा, बल्कि प्रत्याशी की चुनाव जीतने की क्षमता भी अहम होगी। ऐसे में दावेदारों को अपने राजनीतिक संपर्कों के साथ वार्ड में जनाधार, सक्रियता और मतदाताओं के बीच स्वीकार्यता साबित करनी होगी।

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तीन नामों में जगह बनाने की पहली चुनौती
भाजपा की टिकट चयन प्रक्रिया में फिलहाल दावेदारों के सामने पहली चुनौती तीन सदस्यीय पैनल में जगह बनाना है। प्रत्येक वार्ड से तीन संभावित प्रत्याशियों के नाम तैयार कर आगे भेजे जाएंगे। इसके बाद पार्टी का शीर्ष नेतृत्व इन नामों पर विचार कर अंतिम प्रत्याशी तय करेगा। यानी टिकट की दौड़ में शामिल प्रत्येक नेता और कार्यकर्ता को पहले स्थानीय स्तर पर अपनी दावेदारी मजबूत करनी होगी। इस प्रक्रिया के चलते वार्डों में लंबे समय से सक्रिय कार्यकर्ताओं के साथ उन नेताओं की भी नजर टिकट पर है, जो आगामी चुनाव को अपने राजनीतिक भविष्य के लिहाज से महत्वपूर्ण मान रहे हैं।

बैठकों के बाद वार्ड स्तर पर शुरू होगी रायशुमारी
प्रत्याशियों के चयन को लेकर भाजपा संगठन लगातार बैठकें कर रहा है। वार्ड स्तर पर संभावित नामों पर चर्चा और स्थानीय लोगों से राय लेने की प्रक्रिया भी जल्द शुरू होने वाली है। इस दौरान दावेदारों की सक्रियता, संगठन के प्रति योगदान, स्थानीय स्तर पर उनकी पकड़ और चुनावी संभावनाओं को ध्यान में रखा जा सकता है। पार्टी के सामने चारों नगरीय निकायों में बेहतर प्रदर्शन करने की चुनौती है। इसलिए प्रत्याशी चयन में स्थानीय परिस्थितियों और वार्ड के समीकरणों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जिस वार्ड में कई मजबूत दावेदार हैं, वहां पैनल तैयार करना संगठन के लिए आसान नहीं होगा।

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Bदावेदारों के सामने जनाधार साबित करने की चुनौती
टिकट के लिए सक्रिय नेताओं और कार्यकर्ताओं को अब अपनी दावेदारी के समर्थन में राजनीतिक ताकत दिखानी होगी। वार्ड में लोगों के बीच उनकी मौजूदगी, स्थानीय समस्याओं को लेकर सक्रियता और मतदाताओं से संपर्क जैसे पहलू अहम हो सकते हैं। पार्टी ऐसे प्रत्याशी उतारना चाहती है, जो केवल चुनाव लड़ने के इच्छुक न हों, बल्कि जीत हासिल करने की क्षमता भी रखते हों। हालांकि, तीन नामों के पैनल में शामिल होना टिकट की गारंटी नहीं होगा। अंतिम निर्णय पार्टी नेतृत्व के हाथ में रहेगा।

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    तीन लोगों के नाम का पैनल भेजेंगे
    प्रत्येक वार्ड से तीन लोगों के नाम का पैनल बनाकर भेजा जाएगा। इसके बाद पार्टी हाईकमान तय करेगा कि संबंधित वार्ड से किसे पार्षद प्रत्याशी बनाया जाना है। चारों नगरीय निकायों के 170 वार्डों में प्रत्याशियों के चयन की यह प्रक्रिया भाजपा के चुनावी अभियान की दिशा तय करेगी।

    – पुरुषोत्तम देवांगन , भिलाई जिला अध्यक्ष,भाजपा

 

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