भारत में एडटेक क्षेत्र में तेजी से वृद्धि हो रही है, 7.5 बिलियन डॉलर से बढ़कर 2030 तक 29 बिलियन डॉलर तक पहुंच सकता है

नई दिल्ली
भारत में एडटेक (शिक्षा तकनीक) क्षेत्र में तेजी से वृद्धि हो रही है, और एक ताजा रिपोर्ट के अनुसार, यह क्षेत्र 2024 तक 7.5 बिलियन डॉलर से बढ़कर 2030 तक 29 बिलियन डॉलर तक पहुंच सकता है। इस रिपोर्ट को इंडिया डिजिटल समिट के 19वें संस्करण के दौरान जारी किया गया। इसे इंटरनेट एंड मोबाइल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (IAMAI) और कंसल्टेंसी फर्म ग्रांट थॉर्नटन द्वारा तैयार किया गया है।

आर्थिक विकास में एडटेक का योगदान बढ़ेगा?
रिपोर्ट के अनुसार, एडटेक क्षेत्र भारत की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देने वाला है। 2029 तक, इस क्षेत्र से भारत के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में 0.4% का योगदान मिलने की संभावना है। यह योगदान 2020 में सिर्फ 0.1% था, जो दिखाता है कि इस क्षेत्र का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है।

ये भी पढ़ें :  EPFO ने अपने नए प्‍लेटफॉर्म ईपीएफओ 3.0 को लॉन्‍च करने की तैयारी, ATM और UPI से कैसे निकलेगा PF का पैसा

एडटेक क्षेत्र के नवाचार और अवसर क्या हैं?
रिपोर्ट में कहा गया है कि एडटेक क्षेत्र भारत में नवाचार को बढ़ावा दे रहा है और नए अवसरों का सृजन कर रहा है। शिक्षा के क्षेत्र में तकनीकी बदलाव से छात्रों और शिक्षकों के लिए नई संभावनाएं उत्पन्न हो रही हैं। खासकर कोविड-19 के बाद, ऑनलाइन शिक्षा ने जबरदस्त बढ़ोतरी दिखाई है, और इसके कारण एडटेक कंपनियां बड़ी सफलता प्राप्त कर रही हैं।

ये भी पढ़ें :  अडानी पर केस चलाने के लिए अमेरिका ने मांगी भारत की मदद, जानिए क्या है मामला

भारत में एडटेक की बढ़ती लोकप्रियता
भारत में डिजिटल शिक्षा के प्रति रुचि तेजी से बढ़ रही है। विभिन्न ऑनलाइन शिक्षा प्लेटफॉर्म्स जैसे कि Byju’s, Unacademy और Vedantu ने छात्रों को अपनी सुविधा अनुसार शिक्षा लेने के नए अवसर दिए हैं। इसके साथ ही, कई कंपनियां वयस्कों और पेशेवरों के लिए भी ऑनलाइन शिक्षा की सुविधाएं प्रदान कर रही हैं, जिससे हर वर्ग के लोग लाभान्वित हो रहे हैं।

ये भी पढ़ें :  सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: नाबालिगों की संपत्ति पर माता-पिता नहीं कर सकते फैसला

भारत में शिक्षा क्षेत्र की नई दिशा
इस रिपोर्ट से यह भी स्पष्ट होता है कि भारत में एडटेक के माध्यम से शिक्षा का स्तर और भी बेहतर हो सकता है। विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल शिक्षा के बढ़ते प्रभाव से, भारत के शिक्षा क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आ सकते हैं।

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment