पुणे निवासी संतोष जगदाले की बेटी ने खून से सने वही कपड़े पहनकर पिता की अर्थी को कंधा दिया

मुंबई
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया है। इस हमले में अपनी जान गवाने वाले लोगों में शामिल पुणे निवासी संतोष जगदाले की बेटी ने खून से सने वही कपड़े पहनकर गुरुवार को अपने पिता की अर्थी को कंधा दिया जो उन्होंने हमले के समय पहन रखे थे। यह देख वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गई। संतोष की अंतिम यात्रा में हजारों लोग शामिल हुए और उन्होंने पाकिस्तान विरोधी नारे लगाए।

ये भी पढ़ें :  सर्द होंगी रातें, भीषण शीतलहर से बढ़ जाएगी गलन, नए साल पर मौसम का मिजाज क्या

पहलगाम में मंगलवार को हुए इस आतंकवादी हमले में जगदाले की बेटी असावरी और उनकी पत्नी बच गईं लेकिन वह और उनके बचपन के दोस्त कौस्तुभ गणबोटे की मौत हो गई। इस आंतकवादी हमले में 26 लोग मारे गए हैं। जगदाले और गणबोटे के पार्थिव शरीर गुरुवार सुबह पुणे लाए गए। पुणे के इन दो लोगों का अंतिम संस्कार नवी पेठ क्षेत्र के वैकुंठ में विद्युत शवदाह गृह में किया गया। दुख की इस घड़ी में पूरा शहर शोक में डूबा हुआ है। मृतकों के रिश्तेदार और हजारों अन्य लोग अंतिम संस्कार में शामिल हुए।

ये भी पढ़ें :  TVS टू-व्हीलर्स ने दुनिया में मारी बाज़ी, यामाहा को पीछे छोड़कर बनी नंबर-3

पेशे से एचआर 26 वर्षीय असावरी ने पिता की अंतिम यात्रा के दौरान अर्थी को कंधा दिया और इस त्रासदीपूर्ण घटना की याद दिलाने के लिए खून से सने वही कपड़े पहने जो उन्होंने हमले के समय पहन रखे थे। अंतिम यात्रा में शामिल लोगों ने पाकिस्तान के खिलाफ नारेबाजी की।

ये भी पढ़ें :  2 मई को सुबह 7 बजे खुलेंगे भगवान केदारनाथ के कपाट

इससे पहले, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) प्रमुख शरद पवार ने जगदाले और गणबोटे के घर जाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उनके परिवारों ने पवार से मुलाकात के दौरान मांग की कि अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। महाराष्ट्र की मंत्री माधुरी मिसल भी जगदाले के घर गईं।

Share

क्लिक करके इन्हें भी पढ़ें

Leave a Comment