मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद: ‘लीड केस’ पर सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट भेजने के दिए संकेत

मथुरा
श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में हिंदू पक्षकारों की ओर से दाखिल किस वाद को मुख्य मामला माना जाए। सुप्रीम कोर्ट ने मामले को हाईकोर्ट भेजने के संकेत दिए हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को संकेत दिया कि वह मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में हिंदू पक्षकारों की ओर से दाखिल किस वाद को मुख्य मामला माना जाए, इससे जुड़ी याचिका को इलाहाबाद हाईकोर्ट वापस भेज सकता है। शीर्ष अदालत के जस्टिस संजय कुमार और ‌संजीव सचदेवा की पीठ ने कहा कि हाईकोर्ट ने मामले में दूसरे वादियों को नोटिस जारी किए बगैर ही एक अलग मुकदमे में शामिल एक हिंदू पक्ष को भगवान श्रीकृष्ण के सभी भक्तों का प्रतिनिधि मान लिया था।

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श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस संजय कुमार और ‌संजीव सचदेवा की पीठ ने कहा कि हाईकोर्ट के समक्ष अर्जी किसी और चीज के लिए दाखिल की गई थी और सभी वादियों को नोटिस जारी किए बगैर ही तय कर दिया कौन सा वाद 'मुख्य मुकदमा' होगा। पीठ ने कहा कि हम वैसे भी इस मामले को हाईकोर्ट वापस भेजने के पक्ष में हैं। इसके साथ ही, शीर्ष अदालत ने मामले की सुनवाई 2 सितंबर तक के लिए स्थगित कर दी। सुप्रीम कोर्ट ने 15 जुलाई को हिंदू पक्षकारों की ओर से बताया गया था कि वे आपस बातचीत कर रहे हैं। कि इस मामले में कौन सा मुकदमा 'लीड केस' होगा। इसके बाद, पीठ ने मामले की सुनवाई स्थगित कर दी थी।

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मामले की सुनवाई के दौरान कुछ हिंदू पक्षकारों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता श्याम दीवान ने पीठ से आग्रह किया कि इस मुद्दे पर नए सिरे से फैसला करने के लिए मामले को हाईकोर्ट वापस भेजा जाए। सुप्रीम कोर्ट इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस फैसले के खिलाफ एक हिंदू पक्षकार की अपील पर सुनवाई कर रहा है, जिसमें एक अलग मुकदमे में शामिल एक हिंदू पक्ष को भगवान श्रीकृष्ण के सभी भक्तों का प्रतिनिधि माना था।

मस्जिद कमेटी और हिंदू पक्षों द्वारा दाखिल कई याचिकाओं पर सुनवाई कर रहा SC
सुप्रीम कोर्ट मस्जिद कमेटी और हिंदू पक्षों द्वारा दाखिल कई याचिकाओं पर सुनवाई कर रहा है। इनमें हाईकोर्ट के 26 मई, 2023 के उस आदेश को चुनौती देने वाली अपील भी शामिल है, जिसके तहत मथुरा जिला अदालत में लंबित विवाद से जुड़े सभी मामलों को हाईकोर्ट ने अपने पास स्थानांतरित कर लिया था। हाईकोर्ट ने पिछले साल 18 जुलाई को, एक अन्य हिंदू पक्ष को सभी भक्तों का प्रतिनिधि मानते हुए उनके वाद को मुख्य मामला घोषित कर दिया था। संबंधित पक्षकार ने मथुरा में विवादित जगह से शाही ईदगाह मस्जिद को हटाने की मांग करते हुए एक अलग मुकदमा दायर किया था। इस फैसले के खिलाफ भी हिंदू पक्षकारों ने सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की है।

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