नारायणपुर में खरीफ की तैयारियां तेज: 47% खाद और 87% प्रमाणित बीजों का भंडारण पूरा, वितरण में आई तेजी रायपुर खरीफ सीजन 2026 को सफल बनाने और किसानों की समृद्धि सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग नारायणपुर द्वारा युद्ध स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। जिले में किसानों को समय पर खाद और उन्नत बीजों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए भंडारण और वितरण के कार्य में तेजी आई है, ताकि मानसूनी बुवाई के दौरान अन्नदाताओं को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।…
Read MoreTag: fertilizer
जशपुर में किसानों को खाद-बीज की पर्याप्त उपलब्धता, प्रशासन की कड़ी निगरानी से कालाबाजारी पर रोक
जशपुर में किसानों को खाद-बीज की पर्याप्त उपलब्धता, प्रशासन की कड़ी निगरानी से कालाबाजारी पर रोक 44 सहकारी समितियों में 9,285 मीट्रिक टन उर्वरक और 6,836 क्विंटल बीज का भंडारण 10 हजार से अधिक किसानों को 37.79 करोड़ रुपये का कृषि ऋण वितरित रायपुर खरीफ सीजन के दौरान किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए जशपुर जिले में खाद, बीज एवं कृषि ऋण की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। कृषि एवं सहकारिता विभाग के समन्वित प्रयासों से जिले की आदिम जाति सेवा सहकारी समितियों में कृषि…
Read Moreखाद की कालाबाजारी की सूचना दें, पाएं 1000 रुपये का इनाम; सरकार ने शुरू की नई पहल
अशोकनगर किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए राज्य सरकार ने सूचना दाता प्रोत्साहन योजना लागू की है।योजना के तहत खाद की कालाबाजारी, अवैध भंडारण, नकली या मिलावटी उर्वरकों के निर्माण और बिक्री की सूचना देने वाले व्यक्ति को 1000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। उप संचालक कृषि अमित भदौरिया ने बताया कि योजना का उद्देश्य कृषि क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाना और किसानों को राहत प्रदान करना है। इसके तहत बिना लाइसेंस उर्वरक विक्रय या निर्माण, निर्धारित सीमा से अधिक…
Read Moreनैनो उर्वरकों से खेती बन रही अधिक लाभकारी, किसान अपना रहे ‘कम लागत, अधिक मुनाफा’ का मॉडल
नैनो उर्वरकों से खेती बन रही अधिक लाभकारी, किसान अपना रहे ‘कम लागत, अधिक मुनाफा’ का मॉडल नैनो यूरिया और नैनो डीएपी के उपयोग से बढ़ रही उत्पादन क्षमता, मिट्टी की सेहत को भी मिल रहा संरक्षण रायपुर छत्तीसगढ़ में आधुनिक कृषि तकनीकों और नवाचार आधारित खेती को बढ़ावा मिलने से किसान कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त करने की दिशा में सफल कदम बढ़ा रहे हैं। नैनो यूरिया और नैनो डीएपी जैसे उन्नत उर्वरकों का उपयोग किसानों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। इससे खेती की लागत…
Read Moreखरीफ सीजन में किसानों को समय पर मिल रही खाद, सखौली के किसान कमलेश ने जताया संतोष
खरीफ सीजन में किसानों को समय पर मिल रही खाद, सखौली के किसान कमलेश ने जताया संतोष सहकारी समिति में बिना किसी परेशानी के मिला उर्वरक, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का जताया आभार रायपुर, राज्य शासन की किसान हितैषी पहल और कृषि विभाग की सतत निगरानी के परिणामस्वरूप किसानों को खरीफ सीजन के लिए आवश्यक उर्वरकों की सुगम उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत समय पर खाद उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे खेती-किसानी की तैयारियों को गति मिली…
Read Moreनैनो उर्वरकों से बढ़ी पैदावार और घटी लागत, सरगुजा के किसान पंकज राजवाड़े बने नवाचार की मिसाल
नैनो उर्वरकों से बढ़ी पैदावार और घटी लागत, सरगुजा के किसान पंकज राजवाड़े बने नवाचार की मिसाल नैनो यूरिया और नैनो डीएपी के उपयोग से खेती हुई अधिक लाभकारी, किसानों से आधुनिक तकनीक अपनाने की अपील रायपुर कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीकों और नवाचारों को अपनाकर किसान उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ खेती की लागत में भी कमी ला रहे हैं। राज्य शासन और कृषि विभाग द्वारा प्रोत्साहित नैनो उर्वरकों का उपयोग किसानों के लिए लाभकारी साबित हो रहा है। सरगुजा जिले के विकासखंड अम्बिकापुर अंतर्गत ग्राम पंचायत जगदीशपुर के प्रगतिशील…
Read Moreनैनो उर्वरकों के उपयोग से बेहतर उत्पादन और मृदा स्वास्थ्य को मिल रहा बढ़ावा-कृषक छेदीलाल
नैनो उर्वरकों के उपयोग से बेहतर उत्पादन और मृदा स्वास्थ्य को मिल रहा बढ़ावा-कृषक छेदीलाल मुख्यमंत्री के सुशासन में किसानों को समय पर मिल रही कृषि आदान सामग्री रायपुर नैनो यूरिया और नैनो डीएपी (तरल उर्वरक) कृषि क्षेत्र में एक क्रांतिकारी नवाचार हैं। ये पारम्परिक उर्वरकों (दानेदार यूरिया और डीएपी) की तुलना में बहुत कम मात्रा में उपयोग किए जाते हैं और पौधे के सीधे संपर्क में आकर तेजी से पोषक तत्व प्रदान करते हैं। नैनो तकनीक के कारण इनका आकार अत्यंत छोटा (20-50 नैनोमीटर) होता है। ये पौधों की…
Read Moreरायपुर : एक खाद दुकान का लाइसेंस निलंबित, कई विक्रेताओं को नोटिस मेसर्स लक्ष्मी ट्रेडर्स भखारा
रायपुर : एक खाद दुकान का लाइसेंस निलंबित, कई विक्रेताओं को नोटिस मेसर्स लक्ष्मी ट्रेडर्स भखारा खाद की कालाबाजारी का मामला रायपुर धमतरी जिले में किसानों को निर्धारित दर पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। औचक निरीक्षण के दौरान अनियमितता पाए जाने पर एक उर्वरक विक्रेता का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया, जबकि कई निजी और सहकारी विक्रय केन्द्रों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। विभाग ने साफ कर दिया है कि कालाबाजारी, अधिक कीमत…
Read Moreशिवपुरी में अब बिना ई-टोकन के नहीं मिलेगा खाद, किसान निधि से जुड़ रहा डाटा
शिवपुरी जब भी फसल बुवाई का सीजन आता है तब किसानों को खाद के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। कहीं खाद नहीं मिलता तो कहीं खाद की कालाबाजारी के आरोप लगाए जाते हैं। जहां तक कि किसानों को खाद के लिए रतजगा करना पड़ता है। ऐसी समस्याओं को देखते हुए सरकार ने खाद वितरण की व्यवस्था को डिजिटल सिस्टम से जोड़ दिया है। ऐसे किसान जो किसान निधि से जुड़े हैं उनका डाटा खाद वितरण सिस्टम से भी जोड़ा जा रहा है। साथ ही किसानों को एग्री स्टैप पर…
Read Moreअब यूरिया खाद पर नहीं होगी किचकिच! 100 लाख टन के गैप को भरने के लिए नई पॉलिसी तैयार
नई दिल्ली भारत सरकार देश में खेती के लिए सबसे जरूरी यूरिया (Urea) खाद की कमी को दूर करने के लिए एक बड़ा कदम उठाने जा रही है. सरकार ने एक नई निवेश नीति तैयार की है, जिसके लिए एक कैबिनेट नोट भी बना लिया गया है. इस नई नीति का मुख्य मकसद देश में यूरिया के नए कारखाने लगाने के लिए कंपनियों को प्रोत्साहित करना है, ताकि विदेशों से खाद न मंगानी पड़े. फिलहाल भारत में यूरिया की जितनी जरूरत है और जितनी पैदावार हो रही है, उसके बीच…
Read Moreअब किसान करेंगे खाद की ऑनलाइन बुकिंग, एमपी के सवा करोड़ किसानों की पोर्टल पर मैपिंग
भोपाल एमपी में बुआई के हर मौसम में किसानों की खाद लेने के लिए लगी कतारें सरकार और पब्लिक दोनों को परेशान करती हैं। अब सरकार किसानों को खाद की ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा देने जा रही है। यही नहीं खाद की होम डिलेवरी सेवा पर भी काम चल रहा है। मप्र के कृषि विभाग ने एग्रीस्टेक पोर्टल पर सवा करोड़ किसानों की पूरी डिटेल दर्ज कराई है। इसमें किसान की खेती की भूमि का रकबा और उसमें बोई जाने वाली फसलों के साथ ही लगने वाली खाद की भी…
Read Moreसरकार ने वित्त वर्ष 2024-25 में किसानों को उपलब्ध कराए रिकॉर्ड 834.64 लाख टन उर्वरक
नई दिल्ली सरकार ने बताया कि वित्त वर्ष 2024-25 में देश में उर्वरकों की जरूरत लगभग 152.50 करोड़ बोरी (722.04 लाख टन) आंकी गई थी, जिसके मुकाबले सरकार ने करीब 176.79 करोड़ बोरी (834.64 लाख टन) उर्वरक उपलब्ध कराए। सरकार ने कहा कि किसानों की खेती से जुड़ी जरूरतों को समय पर पूरा करने के लिए 2024-25 में रिकॉर्ड मात्रा में उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई।रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय ने कहा कि यह अतिरिक्त उपलब्धता किसानों की मदद करने और देशभर में खेती का काम बिना रुकावट चलाने के…
Read Moreई-टोकन से किसानों को घर बैठे खाद, लंबी कतारों से मिली राहत; जनवरी से प्रदेशभर में लागू
जबलपुर किसानों को रसायनिक खाद वितरण में आ रही समस्याओं को दूर करने के लिए कृषि विभाग ने लगातार अनेक उपाय किए पर सफलता नहीं मिली। वितरण केंद्रों में खाद पाने किसानों की कतार लंबी होती गई। स्थाई समाधान की दिशा में कार्य करते हुए शासन ने एक अक्टूबर 2025 से खाद वितरण की नई व्यवस्था ‘ई-टोकन’ का प्रयोग किया। इसके बेहतर परिणाम सामने आए। किसानों से प्राप्त फीडबैक के बाद यह व्यवस्था अब एक जनवरी 2026 से प्रदेशभर में लागू की जा रही है। जबलपुर, विदिशा और शाजापुर जिलों…
Read MoreMP में खेती का रकबा घटा, लेकिन रासायनिक खाद की खपत पहुंची रिकॉर्ड स्तर पर
भोपाल मध्य प्रदेश में खेती का रकबा हर साल घटने के बावजूद रासायनिक खाद की खपत लगातार बढ़ती जा रही है। जैविक खेती के मामले में देश में पहले स्थान पर होने के बाद भी किसानों की रासायनिक खाद पर बढ़ती निर्भरता चिंताजनक है। कृषि विज्ञानियों का कहना है कि जिस तरह से अधिक उत्पादन के लिए मृदा की गुणवत्ता से खिलवाड़ किया जा रहा है, वह खतरनाक है। रासायनिक खाद के बढ़ते उपयोग से हर फसल सीजन में खाद की किल्लत की सूचनाएं आम हो चली हैं। वर्ष 2022-23…
Read Moreखाद की कालाबाजारी रोकने सरकार की नई पहल, किसानों को मिलेगा डेबिट कार्ड से खाद
राजगढ़ मध्यप्रदेश में खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए किसानों को डेबिट कार्ड पर खाद देने की व्यवस्था बनाई जा रही है। राजगढ़ में भी जिले की 140 सहकारी समितियों में किसानों को डेबिट कार्ड के जरिए खाद देने की व्यवस्था की जा रही है। सहकारी बैंकों से सबद्ध किसानों को अब डेबिट कार्ड मुहैया कराया जाएगा। इसी के माध्यम से उन्हें रबी और खरीफ के सीजन में खाद मिलेगा। यानी एटीएम की तर्ज पर कम्प्यूटरीकृत ब्रांच में जाकर उन्हें कार्ड स्वैप करना होगा, तभी खाद मिल पाएगा। डेबिट कार्ड…
Read More
