नशामुक्त भारत अभियान में दो दिवसीय राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर प्रशिक्षण वाल्मी में प्रारंभ

भोपाल. 
नशामुक्त भारत अभियान अंतर्गत प्रदेश को नशामुक्त बनाने के लिये नशामुक्ति अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिये जिलों के 1200 मास्टर ट्रेनर्स का 12 दिवसीय राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 22 अप्रैल से 8 मई, 2026 तक म.प्र. जल एवं भूमि प्रबंध संस्थान (वाल्मी) भोपाल में किया जा रहा है। प्रशिक्षण का गुरुवार को विधिवत शुभारंभ किया गया।

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संयुक्त संचालक सामाजिक न्याय श्रीमती सुचिता तिर्की ने बताया कि इस 12 दिवसीय राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में विभागीय एवं धार्मिक, आध्यात्मिक, सामाजिक संगठनों तथा प्रदेश में नशामुक्ति के क्षेत्र में कार्यरत विभागीय मान्यता प्राप्त अशासकीय संस्थाओं के कुल 1200 मास्टर ट्रेनर को प्रशिक्षित किया जायेगा। इन मास्टर ट्रेनर्स द्वारा जिला, तहसील, नगरीय निकाय, नगर परिषद, विकासखण्ड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर मास्टर वॉलिंटियर्स को प्रशिक्षित कर समाज में बच्चों एवं युवाओं तथा स्कूल एवं महाविद्यालयों के छात्र-छात्राओं को नशामुक्ति के लिये प्रेरित किया जायेगा।

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संचालक म.प्र. जल एवं भूमि प्रबंध संस्थान (वाल्मी) श्रीमती सरिता बाला ओम ने कहा कि नशामुक्ति का संदेश जन-जन तक पहुँचाने एवं महिलाओं के माध्यम से परिवार को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराये जाने में मास्टर ट्रेनर की भूमिका महत्वपूर्ण होगी।

इस अवसर पर डॉ. तमोनुद मोदक जी, मनोचिकित्सक, एम्स भोपाल, कौशिक मन्ना नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो मध्यप्रदेश, डॉ. प्रियंका दीदी, वीके दीदी, सुनीता दीदी, ब्रम्हकुमारी, अनूप दुबे अल्कोहॉलिक अनॉनिमस, राजीव तिवारी, समर्थ दंडोतिया शुद्धि, जीके नशामुक्ति केन्द्र द्वारा नशे से मनुष्य के मस्तिस्क पर होने वाले दुष्परिणामों एवं उनसे उभरने के उपाय बताये गये।

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