भारत के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल में लॉर्ड्स को होगा 4 मिलियन पाउंड का नुकसान, इसकी वजह है भारत

लंदन
भारत के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए क्वालीफाई न कर पाने से लॉर्ड्स को जून में इस पांच दिवसीय मैच की मेजबानी करते समय लगभग चार मिलियन पाउंड (लगभग 45 करोड़ रुपए) का नुकसान होने की आशंका है। पिछले दो सत्र में उपविजेता रहने के बाद भारत फाइनल में जगह बनाने से चूक गया। खिताबी मुकाबले में अब ऑस्ट्रेलिया का सामना दक्षिण अफ्रीका से होगा।
 
मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘भारत के क्वालीफाई करने में विफल रहने के कारण आगामी आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए लॉर्ड्स को लगभग चार मिलियन पाउंड कम राजस्व प्राप्त होगा।' इसमें कहा गया, ‘…भारत की अनुपस्थिति ने मेरिलबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी) द्वारा अपेक्षित वित्तीय लाभ को काफी हद तक कम कर दिया है, जो वैश्विक खेल में भारतीय क्रिकेट के वित्तीय प्रभाव को दर्शाता है।'

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आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में पिछले साल के अधिकांश समय तालिका में शीर्ष दो में रहने के बाद रोहित शर्मा की अगुवाई वाली टीम न्यूजीलैंड से घरेलू श्रृंखला 0-3 से हारने के बाद तीसरे स्थान पर खिसक गई थी। इसके बाद बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी श्रृंखला में ऑस्ट्रेलिया से 1-3 से हार का सामना करना पड़ा। टीम इन दोनों हार के कारण फाइनल से जगह बनाने से चूक गई।

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एमसीसी ने फाइनल में भारत के पहुंचने के अनुमान के साथ मूल रूप से विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए टिकट की अधिक कीमत निर्धारित की थीं। जब यह स्पष्ट हो गया कि भारत फाइनल में नहीं पहुंचेगा, तो एमसीसी ने अपनी रणनीति में संशोधन किया और टिकट की कीमत कम कर दीं। रिपोर्ट में कहा गया, ‘विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए कीमतों में लचीलापन लाने का निर्णय इस वर्ष लिया गया था। अब टिकटें 40 से 90 पाउंड के बीच बेची जा रही हैं। यह मूल कीमत से लगभग 50 पाउंड सस्ती हैं। इससे राजस्व में कमी आई है।'

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पिछले वर्ष श्रीलंका और इंग्लैंड की टेस्ट श्रृंखला के दौरान मैच के चौथे दिन सिर्फ नौ हजार दर्शकों के आने के कारण एमसीसी को आलोचना का सामना करना पड़ा था। एमसीसी को इसके बाद अपनी मूल्य निर्धारण रणनीति पर फिर से विचार करने के लिए मजबूर होना पड़ा।

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