योगी सरकार फरवरी के तीसरे सप्‍ताह में अपना बजट पेश कर सकती है

लखनऊ

यूपी विधानमंडल का बजट सत्र फरवरी के आखिरी सप्ताह में आहूत किया जाएगा। इसमें करीब 8 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किए जाने की संभावना है। इस बजट में विकास के योगी मॉडल की छाप दिखेगी। मध्यवर्ग, युवा, किसान और महिलाएं बजट के फोकस में होंगी।

उच्च पदस्थ सूत्रों के मुताबिक, अभी सत्र की तिथियां फाइनल नहीं हुई हैं। लेकिन, तैयारियां फरवरी के आखिरी सप्ताह को ध्यान में रखकर की जा रही हैं। सभी विभागों के बजट प्रस्तावों को अंतिम रूप दे दिया गया है।

पेश हो चुका है आम बजट
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को लोकसभा में मोदी सरकार 3.0 का दूसरा बजट पेश किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आम बजट को ऐतिहासिक करार दिया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि यह हर भारतीय के सपनों को पूरा करेगा, ‘विकसित भारत’ के मिशन को आगे ले जाएगा और विकास, निवेश और उपभोग को कई गुणा बढ़ाएगा। हालांकि, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आर्थिक संकट को हल करने के लिए बड़े बदलाव की जरूरत पर जोर दिया और बजट को गोली के घाव पर केवल मरहम पट्टी करार दिया। अलग-अलग राजनीतिक दलों ने इस पर प्रतिक्रिया दी है।

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देश के बजट का 16 फीसदी

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 50.65 लाख करोड़ का बजट पेश किया है। यूपी का बजट भी आठ लाख करोड़ तक होगा। यह केंद्र के बजट का करीब 16 फीसदी होगा।

सभी विभागों से पहुंचे प्रस्ताव

वित्त विभाग को प्रदेश सरकार के करीब-करीब सभी विभागों से बजट के लिए प्रस्ताव मिल गए हैं। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना और वित्त विभाग के अधिकारी उन प्रस्तावों पर मंथन करेंगे। उसके बाद बजट का प्रारंभिक मसौदा सीएम योगी आदित्यनाथ के सामने पेश किया जाएगा।

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रोजगार और इन्फ्रास्ट्रक्चर पर होगा फोकस

जानकारों का मानना है कि गत वर्ष हुए लोकसभा चुनाव में भाजपा की हार की वजह बेरोजगारी को माना गया। सरकार बजट में सरकारी नौकरियों के साथ स्वरोजगार पर फोकस करेगी। वहीं, एक्सप्रेस वे, स्टेट हाईवे के साथ इन्फ्रास्ट्रक्चर पर भी फोकस रहेगा।

दलितों और महिलाओं पर भी ध्यान

विपक्ष की ओर से लगातार भाजपा को दलित विरोधी साबित करने का प्रयास किया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, सरकार बजट में दलितों को साधने के लिए कोई बड़ी घोषणा कर सकती है।

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संकल्प पत्र पूरा करने का लक्ष्य

भाजपा ने विधानसभा चुनाव 2022 से पहले संकल्प पत्र पेश किया था। संकल्प पत्र के 131 वादों में से 110 पूरे हो चुके हैं। सरकार के सूत्रों के मुताबिक, आगामी बजट में शेष 21 वादे पूरे कर सरकार संकल्प पत्र का हर वादा पूरा करने की योजना बना रही है।

किसान से ‘श्रीराम’ तक समर्पित रहा बजट

योगी सरकार का हर बजट किसी न किसी वर्ग के लिए समर्पित रहा है। 2017-18 का बजट किसानों की कर्जमाफी के चलते किसानों को समर्पित रहा। वहीं, 2024-25 का बजट ‘श्रीराम’ को समर्पित रहा।

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